
बीजिंग। चीन से फैला खतरनाक कोरोना वायरस लगातार विकराल रूप ले रहा है। बुधवार को चीन सरकार की ओर से जारी सूचना के मुताबिक अभी तक इस जानलेवा वायरस की वजह से होने वाली मौतों की संख्या 2000 के पार पहुंच चुकी है। इसके अलावा 70 हजार से ज्यादा लोग इस वायरस से संक्रमित पाए गए हैं। वहीं, दूसरी ओर रूस इसके संक्रमण से बचने के लिए 20 फरवरी से सभी चीनी नागरिकों को अपने क्षेत्र में प्रवेश करने से रोक देगा।
रूस की उप प्रधानमंत्री और स्वास्थ्य मामलों की प्रभारी तातियाना गोलिकोवा का कहना है कि रूस की सीमाओं के जरिए चीनी नागरिकों के प्रवेश को 20 फरवरी से निलंबित कर दिया जाएगा। उन्होंने बताया कि ये प्रतिबंध कार्य यात्रा,निजी यात्रा, अध्ययन और पर्यटन के लिए आने वाले यात्रियों पर लागू होगा।
चीन में अस्पताल के निदेशक की मौत
चीन के एक अस्पताल के निदेशक की मंगलवार को कोरोना वायरस से मौत हो गई। चीन के सरकारी मीडिया ने यह जानकारी दी है। वुहान में बने वुचांग अस्पताल के निदेशक लिउ झिमिंग की जान बचाने के सारे प्रयास विफल हो गए और उनकी मौत हो गई। लिउ से पहले कोरोना वायरस के कारण अस्पताल के निदेशक स्तर के व्यक्ति के मरने की खबर नहीं आई थी। आधिकारिक डाटा के अनुसार, देश में कोरोना वायरस से अब तक छह चिकित्सा कर्मियों की मौत हो चुकी है और 1,716 कर्मी इससे संक्रमित हैं।
जिनपिंग का आलोचक गिरफ्तार
चीन में दमनकारी नीतियों का चलन है। यहां पर सरकार की बुराई करने वालों को सलाखों के पीछे भेज दिया जाता है। चीन में पुलिस ने राष्ट्रपति शी जिनपिंग को इस बीमारी से निपटने के तौर तरीकों आलोचना करने वाले एक चर्चित सामाजिक कार्यकर्ता को गिरफ्तार कर लिया है। एमनेस्टी इंटरनेशनल के अनुसार झू झियांग पुलिस की सख्ती को देखते हुए वह भूमिगत हो गया था। मगर उसे रविवार को उसे खोज निकाला गया। शंघाई में कोरोना वायरस के कारण स्कूल बंद हैं और बच्चों की पढ़ाई में आ रही रुकावट को देखते हुए ऑनलाइन माध्यम से उन्हें पढ़ाया जाएगा।