7 जुलाई 2026,

मंगलवार

Patrika Logo
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

श्रीलंका की जेल में भीषण हिंसा, 26 लोगों की हुई मौत और 100 से ज़्यादा हुए घायल

Sri Lanka Prison Violence: श्रीलंका की जेल में भीषण हिंसा का मामला सामने आया है। दो दिन तक चली इस हिंसा में 26 लोगों ने अपनी जान गंवा दी है।
2 min read
Google source verification

भारत

image

Tanay Mishra

Jul 07, 2026

Sri Lanka Prison Violence

श्रीलंका की जेल में हिंसा (File Photo)

श्रीलंका (Sri Lanka) की नेगोंबो जेल (Negombo Prison) में दो दिनों तक भीषण हिंसा चली, जिससे हड़कंप मच गया। यह घटना देश की सबसे बड़ी जेलों में से एक में हुई। बताया जा रहा है कि रविवार को शुरू हुई यह हिंसा जेल में बंद कैदियों के दो गैंग्स के बीच हुई। आपसी विवाद पर शुरू हुआ झगड़ा काफी भड़क गया और भीषण हिंसा का रूप ले लिया।

26 लोगों की हुई मौत

श्रीलंका की नेगोंबो जेल में हुई हिंसा में 26 लोगों की मौत हो गई। पहले मरने वालों की संख्या 2 थी, जो बढ़कर 7 हुई और फिर बढ़कर 19 हो गई। इसके बाद मृतकों की संख्या 25 हुई और फिर यह आंकड़ा बढ़कर 26 हो गया। मरने वालों में 19 कैदी और 7 जेल अधिकारी शामिल हैं।

100 से ज़्यादा लोग घायल

इस हिंसा में 100 से ज़्यादा लोग घायल हुए हैं, जिनमें कैदियों के साथ जेल अधिकारी भी शामिल हैं। घायलों को नेगोंबो अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनका इलाज चल रहा है। कुछ घायलों की स्थिति गंभीर बताई जा रही है।

सेना की गई तैनात

स्थिति की गंभीरता को देखते हुए नेगोंबो जेल में सेना तैनात की गई है। पुलिस की मदद करने, जेल में और इसके आसपास सुरक्षा को बढ़ाने और स्थिति को पूरी तरह काबू में करने के लिए सेना की तैनाती बेहद ज़रूरी बताई जा रही है।

किस वजह से हुई हिंसा?

बताया जा रहा है कि यह हिंसा ड्रग्स तस्करी को लेकर दो कैदी गुटों के बीच विवाद की वजह से हुई। एक गुट जेल में ड्रग्स का समर्थन कर रहा था, दूसरा इसका विरोध कर रहा था। कैदियों ने हिंसा के दौरान जेल अस्पताल पर भी हमला किया, हथियार छीनने की कोशिश की और जेल तोड़कर भागने की भी कोशिश की। इस दौरान गोलीबारी हुई, आगजनी की गई और गंभीर झड़पें हुईं।

मामले की जांच हुई शुरू

इस मामले की जांच शुरू हो गई है। इसके लिए एक विशेष जांच समिति गठित की गई है। श्रीलंका के न्याय मंत्री हर्षणा नानायक्कारा ने इस घटना पर विस्तृत रिपोर्ट तलब की है। कैदियों के पास हथियार कैसे पहुंचे, इसकी भी जांच हो रही है।