
कोलंबो। श्रीलंकाई अधिकारियों ने सोमवार को तमाम सोशल मीडिया ( social media ) प्लेटफॉर्म पर से अस्थायी प्रतिबंध को हटा दिया। नेगोम्बो में हिंसा के बाद यह प्रतिबंध लगाया गया था। ईस्टर सनडे के मौके पर श्रीलंका ( Sri Lanka ) में जिन जगहों पर बम विस्फोट हुआ था, उनमें से एक नेगोम्बो भी है। रिपोर्ट के मुताबिक, नेगोम्बो में सिंहलियों और मुसलमानों के बीच संघर्ष के बाद इस प्रतिबंध को लगाया गया था। एक निजी विवाद को लेकर झड़प हुई थी और बाद में भीड़ ने मुसलमानों की दुकानों पर पत्थरबाजी की और वाहनों को तोड़ दिया। इन घटनाओं के चलते अधिकारियों ने कर्फ्यू लगा दिया था और नेगोम्बो घटना से जुड़ी हुई तस्वीरों और वीडियो के प्रसार को रोकने के लिए सोशल मीडिया पर भी प्रतिबंध लगा दिया था।
सीरियल ब्लास्ट में 250 से अधिक लोगों की हुई थी मौत
द डेली मिरर की रिपोर्ट के मुताबिक, प्रतिबंध हटाए जाने की घोषणा सूचना विभाग ने की है। 21 अप्रैल में हुए आतंकी हमले के बाद दूसरी बार सोशल मीडिया पर प्रतिबंध लगाया गया था। इस दौरान, कड़ी सुरक्षा के बीच सोमवार को स्कूलों में कक्षाएं फिर से शुरु हुईं। ईस्टर के मौके पर हुए सीरियल ब्लास्ट ( serial blasts ) में 250 से ज्यादा लोग मारे गए थे और 500 से अधिक घायल हुए थे। हमले को तीन चर्च और पांच होटलों को निशाना बनाकर किया दया था।
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