धर्म/ज्योतिष

Panchang: आज का पंचांग 17 फरवरी 2026: अमावस्या, भौमवती योग और सूर्यग्रहण का विशेष संयोग

Today Panchang 17 February 2026 : आज का पंचांग 17 फरवरी 2026 में जानें अमावस्या, सूर्यग्रहण, राहुकाल, चौघड़िया, नक्षत्र, योग और भौमवती अमावस्या का धार्मिक महत्व।
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Feb 16, 2026
Panchang 17 February 2026 :
Panchang 17 February 2026 : आज का पंचांग मंगलवार 17 फरवरी, 2026 (फोटो सोर्स: AI image@Gemini)

Aaj Ka Panchang 17 February 2026 : 17 फरवरी 2026 का पंचांग विशेष महत्व रखता है क्योंकि इस दिन अमावस्या के साथ सूर्यग्रहण का दुर्लभ संयोग बन रहा है। यह दिन भौमवती अमावस्या, देवपितृ कार्य और शिव खप्पर पूजा के लिए अत्यंत शुभ माना जाता है। पंचांग के अनुसार इस दिन राहुकाल, चौघड़िया, नक्षत्र और योग का विशेष प्रभाव देखने को मिलेगा। धार्मिक दृष्टि से यह दिन आत्मशुद्धि, दान-पुण्य और पितृ तर्पण के लिए अत्यंत फलदायी माना जाता है। आइए जानते हैं पंडित मुकेश भारद्वाज से आज के दिन का संपूर्ण पंचांग और सूर्यग्रहण का महत्व।

आज का पंचांग मंगलवार 17 फरवरी 2026 | Today Panchang 17 February 2026 Jaipur Rajasthan

क्रमांकविवरण (विवरण)जानकारी
1विक्रम संवत्2082
2संवत्सर नामसिद्धार्थ
3शक संवत्1947
4हिजरी सन्1447
5मुस्लिम माह28 सावान
6अयनउत्तरायण
7ऋतुशिशिर ऋतु
8मासफाल्गुन
9पक्षकृष्ण

आज का चौघड़िया | Aaj Ka Choghadiya Jaipur Rajasthan

आज चर का चौघड़िया 9.53 से 11.17 तक रहेगा, लाभ व अमृत के चौघड़िये क्रमशः 11.17 से 2.05 तक रहेंगे. शुभ का चौघड़िया 3.28 से 4.52 तक रहेगा. इन चौघड़ियों में शुभ कार्य प्रारम्भ किए जा सकते हैं।

दिशा शूल - आज उत्तर दिशा में दिशा शूल रहेगा । इसलिए आज उत्तर दिशा में यात्रा नहीं करनी चाहिए।

उपाय - यदि उत्तर दिशा में यात्रा करना आज आवश्यक हो और टालना संभव ना हो तो यात्रा प्रारंभ करने से पूर्व गुड़, केले अथवा काञ्जीबड़ा का सेवन करके, शुभ शगुन लेकर यात्रा प्रारम्भ करें।

राहु काल वेला - (मध्यमान से) दिन 3.00 से 4.30 तक

उपाय - राहु काल में शुभ कार्यों का प्रारंभ नहीं करना चाहिए। यदि कार्य को टाला जाना संभव ना हो तो मीठे पेय पदार्थ सेवन करके ही कार्य प्रारंभ करें। इससे राहुकाल का दुष्प्रभाव कम होगा।

तिथि – अमावस्या तिथि सायं 5.31 तक होगी तदुपरान्त प्रतिपदा तिथि होगी ।

नक्षत्र – धनिष्ठा नक्षत्र रात्रि 9.16 तक होगा तदुपरान्त शतभिषा नक्षत्र होगा ।

योग – परिघ योग रात्रि 12.29 तक रहेगा तदुपरान्त शिव योग रहेगा ।

करण – नाग करण सायं 5.31 तक रहेगा तदुपरान्त किंस्तुघ्न करण रहेगा।

आज का विशिष्ट योग

व्रत / दिवस विशेष – देवपितृकार्य अमावस्या, भौमवती अमावस्या, शिव खप्पर पूजा, मन्वादि, पंचक प्रारम्भ दिन 9-06 से,

चन्द्रमा – आज दिन 9.06 तक मकर राशि में होगा तदुपरान्त कुम्भ राशि में प्रवेश होगा ।

ग्रह का राशि /नक्षत्र परिवर्तन

कंकण सूर्यग्रहण (भारत में नहीं दिखाई देगा)

आज जन्म लेने वाले बच्चे – आज दिन 9.06 तक जन्म लेने वाले बच्चों की राशि मकर होगी तदुपरान्त कुम्भ राशि होगी ।
आज रात्रि 9.16 तक जन्म लेने वाले बच्चों का धनिष्ठा नक्षत्र होगा तदुपरान्त शतभिषा नक्षत्र होगा ।
आज जन्मे बच्चों का ताम्र पाद होगा ।
आज जन्म लेने वाले बच्चों के प्रथम नामाक्षर गी, गु, गे, गो, सा पर रखे जा सकते हैं।

मकर राशि के स्वामी शनि देव हैं. ये राशि शांत स्वभाव की धैर्यवान व सहनशील होती हैं परंतु ये लोभी भी होते हैं। इनका व्यवहार गहन विचार करने वाला व क्षमाशील होता हैं। ये लोग अच्छे व्यापारी होते हैं। ये चर राशि होने के कारण एक स्थान पर एक जगह टिक कर कार्य नहीं कर पाते। ऐसे जातक गंभीर, भावुक, संवेदनशील, उच्चाभिलाषी, सेवाधर्मी, मननशील एवं धार्मिक प्रवृत्ति वाले होते हैं।

कुम्भ का स्वामी भी शानि हैं। इनका स्वभाव दयावान, निस्वार्थ, स्वतंत्रताप्रिय, कल्पना शील और देश-विदेश घूमने के शौकीन होते हैं। ये लोग सेल्समेन, वकील व जज होते हैं। ये जातक उच्चाधिकारी, उच्चपदासीन, क्रय-विक्रय, प्रोफेसर, जज-वकील, उच्चपदवी या धनी व्यापारी होते हैं।

Updated on:
16 Feb 2026 12:55 pm
Published on:
16 Feb 2026 12:55 pm