बहुजन समाज पार्टी व समाजवादी पार्टी की संयुक्त प्रेस कांफ्रेस से केंद्र सरकार भी हिल गई है।
लखनऊ. बहुजन समाज पार्टी व समाजवादी पार्टी की संयुक्त प्रेस कांफ्रेस से केंद्र सरकार भी हिल गई है। इसका अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि अखिलेश व मायावती के गठबंधन के ऐलान के कुछ ही मिनटों बाद दिल्ली के राम लीला मैदान में वित्त मंत्री अरुण जेटली ने तुरंत दोनों पर हमला बोला। वहीं सीएम योगी और भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र नाथ पांडे ने भी गठबंधन पर बड़ा कटाक्ष किया है।
सीएम योगी ने कहा यह-
आगामी लोकसभा चुनावों के लिए सपा व बसपा के गठबंधन की घोषणा के बाद सीएम योगी ने कहा कि जो लोग एक-दूसरे को पसंद नहीं करते हैं, वे महागठबंधन के बारे में बातें कर रहे हैं। यह गठबंधन भ्रष्टाचार, अराजकता और राजनीतिक अस्थिरता के लिए है। उन्होंने आगे कहा कि आगामी लोकसभा चुनावों में भाजपा 2014 के मुकाबले बेहतर प्रदर्शन करेगी और मोदी के नेतृत्व में एक बार फिर एक “मजबूत एवं सक्षम” सरकार बनाएगी।
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा यह-
भाजपा प्रदेश अध्यक्ष महेंद्र नाथ पांडेय ने बसपा-सपा पर हमला करते हुए कहा कि मायावती बिना धन उगाही के चुनाव नहीं लड़ सकती। वो इसी के साथ चुनाव लड़ेंगी। मायावती ने अस्तित्व रक्षा के लिए गठबंधन किया है और यहीं काम अखिलेश यादव की तरफ से भी हो रहा है। सपा-बसपा द्वारा अवैध खनन मामलेे में भाजपा द्वारा फंसाए जाने के आरोपों पर उन्होंने कहा कि सीबीआई का दुरुपयोगी भाजपा नहीं कर रही। उच्च न्यायलय के निर्देश के बाद सीबीआई जांच कर रही है।
वित्त मंत्री ने कहा यह-
यूपी में एसपी-बीएसपी महागठबंधन के ऐलान के मिनटों बाद ही वित्त मंत्री अरुण जेटली ने भी दोनों पार्टियों पर जमकर हमला किया। उन्होंने कहा कि मोदी से डरकर सभी नेता एक हो रहे हैं, लेकिन जनता डरकर साथ आए ऐसे गठजोड़ों को स्वीकार नहीं करेगी। स्वार्थ के लिए किए गठजोड़ कुछ ही समय के लिए होते हैं। ऐसे महागठबंधनों से हमें डरने की कोई जरूरत नहीं है। मोदी के नेतृत्व के सामने कोई गठबंधन टिक नहीं सकता चाहे वह कांग्रेस का शहजादा हों, बंगाल में दीदी हों, आंध्र प्रदेश में बाबू हों या फिर यूपी में बहनजी हों। चुनाव के बाद ही इनकी तलवारें निकलेंगी।