
लखनऊ. जहरीली शराब पीने में हुई मौत के मामले ने बाराबंकी समेत पूरे यूपी को एक बार फिर हिला कर रख दिया है। पिछले ही वर्ष जनवरी में बाराबंकी के देवा में ऐसा ही मामला सामने आया था जिसमें 11 की मौत हो गई थी। एक साल बाद फिर जहरीली शराब ने अभी तक 12 लोगों की जान ले ली है, जिससे साफ प्रतीत होता है कि पुलिस और प्रशासन ने पूर्व में हुई घटना से कोई सबक नहीं लिया है। इन्हीं की मिलीभगत से जहरीली शराब का करोबार फल फूल रहा है। सीएम योगी ने कार्रवाई के निर्देश दे दिए हैं, वहीं डीजीपी ओपी सिंह के निर्देश पर कई अफसर नपे हैं। मामले की जांच जारी है। इसी बीच समाजवादी पार्टी ने भी सरकार को घेरा है।
सपा ने कहा यह-
समाजवादी पार्टी के अपने आधिकारिक ट्विटर अकाउंट पर लिखा है कि सत्ता के जश्न में डूबी मदहोश सरकार को नहीं प्रदेशवासियों के जान की परवाह! बाराबंकी में जहरीली शराब पीने से 12 लोगों की मौत लापरवाही एवं शराब मफ़ियाओं से मिलीभगत का दुष्परिणाम है। वहीं सपा एमएलसी सुनील सिंह यादव ने कहा कि योगीराज में कुशीनगर, कानपुर देहात, सहारनपुर से लेकर दर्जनों जगह पहले भी ऐसी दर्दनाक घटनाएं हो चुकी हैं, फिर भी नियंत्रण नहीं? मौत के सौदागरों को सत्ता का सरंक्षण जनता के साथ धोखा नहीं तो क्या है?
यह लोग निलंबित-
सीएम योगी ने मरने वालों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त करते हुए कड़ी कार्रवाई के आदेश दिए हैं। वहीं डीएम और एसपी को मेडिकल सुविधाएं उपलब्ध करवाने के निर्देश के साथ ही प्रमुख सचिव को जांच के आदेश भी दिए हैं। मामले में 3 हेड कांस्टेबल 5 कांस्टेबल के साथ ही डीईओ बाराबंकी शिव नारायण दूबे, आबकारी निरीक्षक रामतीरथ मौर्य निलंबित किए गए हैं।