Ramnavmi 2024: रामनवमी पर अयोध्या में भगवान श्रीराम के सूर्यतिलक पर पीएम नरेंद्र मोदी भावुक हो गए। उन्होंने अपने सोशल मीडिया अकाउंट X पर इसका जिक्र करते हुए देशवासियों को शुभकामनाएं दी हैं।
PM Modi Emotional on Ram Navami: यूपी के अयोध्या में बने भव्य राम मंदिर में प्राण प्रतिष्ठा के बाद पहली बार रामनवमी मनाई जा रही है। इस अवसर पर लाखों श्रद्धालुओं के यहां पहुंचने की उम्मीद है, जिसको लेकर सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए हैं। वहीं दोपहर में श्रीरामलला का भगवान सूर्य ने अभिषेक किया। इस पल को ऑनलाइन दिखाया गया। इसे देखकर पीएम मोदी भावुक हो गए। पीएम मोदी ने अपने ट्विटर हैंडल पर लिखा "अपनी नलबाड़ी रैली के बाद मैंने राम लला पर सूर्य तिलक देखा। करोड़ों भारतीयों की तरह मेरे लिए भी ये बेहद भावुक पल है। अयोध्या में भव्य रामनवमी ऐतिहासिक है। यह सूर्य तिलक हमारे जीवन में ऊर्जा लाए और हमारे राष्ट्र को गौरव की नई ऊंचाइयों को छूने के लिए प्रेरित करे।"
इससे पहले पीएम मोदी ने अपने सोशल मीडिया हैंडल X पर सभी देशवासियों को रामनवमी की शुभकामनाएं दी। पीएम मोदी ने अपने ट्विटर हैंडल पर लिखा, “देशभर के मेरे परिवारजनों को भगवान राम के जन्मोत्सव रामनवमी की अनंत शुभकामनाएं! इस पावन अवसर पर मेरा मन भावविभोर और कृतार्थ है। ये श्रीराम की परम कृपा है कि इसी साल अपने कोटि-कोटि देशवासियों के साथ मैं अयोध्या में प्राण-प्रतिष्ठा का साक्षी बना। अवधपुरी के उस क्षण की स्मृतियां अब भी उसी ऊर्जा से मेरे मन में स्पंदित होती हैं।”
उन्होंने आगे लिखा, “यह पहली रामनवमी है, जब अयोध्या के भव्य और दिव्य राम मंदिर में हमारे राम लला विराजमान हो चुके हैं। रामनवमी के इस उत्सव में आज अयोध्या एक अप्रतिम आनंद में है। 5 शताब्दियों की प्रतीक्षा के बाद आज हमें ये रामनवमी अयोध्या में इस तरह मनाने का सौभाग्य मिला है। यह देशवासियों की इतने वर्षों की कठिन तपस्या, त्याग और बलिदान का सुफल है। प्रभु राम भारतीय जनमानस के रोम-रोम में रचे-बसे हैं, अंतर्मन में समाहित हैं।
भव्य राम मंदिर की प्रथम रामनवमी का यह अवसर उन असंख्य राम भक्तों और संत-महात्माओं को स्मरण और नमन करने का भी है, जिन्होंने अपना पूरा जीवन राम मंदिर के निर्माण के लिए समर्पित कर दिया। मुझे पूर्ण विश्वास है कि मर्यादा पुरुषोत्तम भगवान राम का जीवन और उनके आदर्श विकसित भारत के निर्माण के सशक्त आधार बनेंगे। उनका आशीर्वाद आत्मनिर्भर भारत के संकल्प को नई ऊर्जा प्रदान करेगा। प्रभु राम के चरणों में कोटि-कोटि नमन और वंदन!”