आजमगढ़ जनपद के कोतवाली थाना क्षेत्र में बैंकिंग से जुड़ा एक गंभीर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। भारत फाइनेंशियल इंक्लूजन लिमिटेड (इंडसइंड बैंक की सहायक कंपनी) के सात पूर्व कर्मचारियों पर ग्राहकों से वसूली गई धनराशि को गबन करने का आरोप लगा है। इस संबंध में शाखा प्रबंधक अमित तिवारी की शिकायत पर पुलिस […]
आजमगढ़ जनपद के कोतवाली थाना क्षेत्र में बैंकिंग से जुड़ा एक गंभीर धोखाधड़ी का मामला सामने आया है। भारत फाइनेंशियल इंक्लूजन लिमिटेड (इंडसइंड बैंक की सहायक कंपनी) के सात पूर्व कर्मचारियों पर ग्राहकों से वसूली गई धनराशि को गबन करने का आरोप लगा है।
इस संबंध में शाखा प्रबंधक अमित तिवारी की शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, आरोपी कर्मचारी फील्ड कलेक्शन स्टाफ के रूप में कार्य करते थे और विभिन्न क्षेत्रों में महिला समूहों से साप्ताहिक किस्त व प्री-पेमेंट की रकम एकत्र करते थे। आरोप है कि वसूली गई रकम को बैंक में जमा करने के बजाय उन्होंने अपने पास रख लिया।
मामले में जिन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज हुआ है, उनमें प्रमोद कुमार पाल, ठाकुर कुमार भारती, राजकुमार रमा, संजय यादव, प्रदीप कुमार यादव, चंदन सरोज और आलोक कुमार दुबे शामिल हैं। बताया जा रहा है कि इस धोखाधड़ी में लाखों रुपये का गबन हुआ है। इनमें ठाकुर कुमार भारती पर सबसे अधिक, करीब 10.89 लाख रुपये हड़पने का आरोप है, जबकि अन्य आरोपियों पर भी बड़ी रकम गबन करने की बात सामने आई है।
शाखा प्रबंधक के मुताबिक, कंपनी की ऑडिट टीम द्वारा फील्ड जांच के दौरान इस गड़बड़ी का खुलासा हुआ। जांच में पाया गया कि संबंधित कर्मचारी ग्राहकों से पैसा लेने के बाद उसे बैंक में जमा नहीं कर रहे थे और बाद में संपर्क से बाहर हो गए।
काफी प्रयास के बावजूद जब आरोपियों द्वारा रकम वापस नहीं की गई, तब पुलिस में शिकायत दर्ज कराई गई। कोतवाली पुलिस ने तहरीर के आधार पर संबंधित धाराओं में मुकदमा दर्ज कर लिया है। अधिकारियों का कहना है कि मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी गई है और आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए टीम गठित की गई है। जल्द ही सभी के खिलाफ आगे की विधिक कार्रवाई की जाएगी।