अखिलेश यादव की सरकार में मार्टीनगंज बना था तहसील मुख्यालय पूर्व राज्यमंत्री कृष्णमुरारी विश्वकर्मा की पहल पर शासन ने लिया फैसला
आजमगढ़. अंग्रेजों के समय बसे कस्बे के अब अच्छे दिन आने वाले है। ब्लाक व तहसील मुख्यालय होने के बाद भी विकास से अछूते मार्टीनगंज कस्बे को शासन ने नगर पंचायत बनाने का फैसला किया है। इसके लिए जिलाधिकारी से प्रस्ताव मांगा गया है। इसके पूर्व 2012 में यूपी की सत्ता में आने के बाद अखिलेश यादव ने मार्टीनगंज में तहसील की स्थापना की थी।
मार्टीनगंज कस्बा जिले के पुराने कस्बों में से एक है। इसे मार्टिन नाम के अंग्रेज अधिकारी ने बसाया था। तीन दशक से अधिक समय से यह ब्लाक मुख्यालय रहा। वर्ष 2012 में अखिलेश यादव प्रदेश के मुख्यमंत्री बनें तो उन्हें इसके तहसील बनाया लेकिन आज तक इस कस्बें का आपेक्षित विकास नहीं हुआ।
अब पूर्व राज्यमंत्री डा. कृष्ण मुरारी विश्वकर्मा की पहल पर मार्टीनगंज को नगर पंचायत का दर्जा देने की कवायद शुरू हो चुकी है। उनकी मांग को गंभीरता से लेते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने मार्टीनगंज को नगर पंचायत बनाने के लिए जिलाधिकारी से प्रस्ताव मांगा है। जिलाधिकारी राजेश कुमार ने उप जिलाधिकारी मार्टीनगंज वागीश कुमार शुक्ला व फूलपुर अधिशाषी अधिकारी डा संपूर्णा नंद तिवारी से समग्र रिपोर्ट मांगी है।
बता दें कि पूर्व राज्यमंत्री डा. कृष्ण मुरारी विश्वकर्मा 30 सितंबर 2020 को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मिलकर मार्टीनगंज को नगर पंचायत बनाने की मांग थी। उन्होंने मुख्यमंत्री को बताया था कि दीदारगंज विधानसभा में एक भी नगर पंचायत नहीं है। कस्बे को नगर पंचायत का दर्जा मिलने से विकास की राह खुलेगी।
कृष्ण मुरारी ने बताया कि प्रदेश सरकार विकास को लेकर काफी गंभीर है। मार्टीनगंज के नगर पंचायत बनने से विकास के रास्ते खुल जाएंगे। इसका लाभा आसपास के लोगों को भी मिलेगा।
by ran vijay singh