आजमगढ़

प्रेमी दरोगा संग मिलकर महिला सिपाही ने रची कांस्टेबल पति की हत्या की साजिश, लेकिन फंस गए पति के जाल में

पति ने यहां होशियारी से काम लिया और ऐसा जाल बुना कि पत्नी व उसका प्रेमी दोनों ही इसमें फंस गए। प्रेमी दारोगा के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर दी गई है, तो वहीं महिला आरक्षी निलंबित कर दी गयी है।
2 min read
Jul 31, 2020
police.jpg
Azamgarh news

आजमगढ़। अवैध संबंध को शादी के रिश्ते में बदलने के लिए महिला आरक्षी ने प्रेमी संग मिलकर अपने पति को रास्ते से हटाने का ऐसा कुचक्र रचा, कि सभी के होश उड़ गए। पति यूपी पुलिस का आरक्षी है व प्रेमी भी दरोगा है। अवैध संबंध का यह मामले पुलिस विभाग से ही जुड़ा है। हालांकि पति ने यहां होशियारी से काम लिया और ऐसा जाल बुना कि पत्नी व उसका प्रेमी दोनों ही इसमें फंस गए। प्रेमी दारोगा के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर दी गई है, तो वहीं महिला आरक्षी निलंबित कर दी गयी है। दोनों आरोपियों की गिरफ्तारी के निर्देश भी जारी कर दिये गए हैं।

यह था मामला-

मामला बलिया जिले के रसड़ा थाना क्षेत्र के बर्रेबोझ गांव का है जहां के निवासी सन कुमार यूपी पुलिस का आरक्षी है। उसकी शादी वर्ष 2020 में ही महिला आरक्षी विकासलता सिंह से हुई थी। विकासलता सिंह इस समय डायल-112 में तैनात है और उसका मिर्जापुर जिले के चुनार थाने पर तैनात दारोगा राम सूरत यादव से अवैध संबंध चल रहा है। सन कुमार ने 23 जुलाई को पुलिस अधीक्षक प्रो. त्रिवेणी सिंह को प्रार्थना पत्र देकर आरोप लगाया था कि उसकी पत्नी का राम सूरत से अवैध संबंध है। अवैध संबंध के बाद भी विकासलता ने साजिश के तहत उससे शादी की। शादी के कुछ दिन बाद ही उसने दबाव बनाकर धन की वसूली शुरू कर दी। यहीं नहीं दारोगा के कहने पर विकासलता ने पैतृक संपत्ति अपने नाम करने का दबाव बनाया। मना करने पर 25 लाख रुपये की मांग करने लगी। जब उसे रुपये नहीं मिले तो दारोगा के साथ मिलकर उसकी हत्या की योजना तक बना डाली थी।

मोबाइल में कर ली बात रिकॉर्ड-

राम सूरत ने विकासलता के मोबाइल में दोनों द्वारा की गयी बातचीत को किसी तरह रिकार्ड कर लिया। साक्ष्य के तौर पर सन कुमार ने आडियो भी पुलिस को सौंप दी। पुलिस अधीक्षक ने मामले की गंभीरता को देखते हुए सीओ सदर अकमल को मामले की जांच सौंपी थी। सीओ सदर की जांच में सन कुमार द्वारा लगाये गए सारे आरोप सही पाए गए। सीओ की रिपोर्ट पर एसपी ने गुरूवार की देर शाम शहर कोतवाली में दोनों आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करायी। साथ ही महिला आरक्षी को निलंबित कर दिया गया है। दारोगा के खिलाफ संबंधित एसपी को कार्रवाई के लिए पत्र लिखा गया है।

एसपी का यह है कहना-

पुलिस अधीक्षक प्रो. त्रिवेणी सिंह ने बताया कि दारोगा और महिला आरक्षी ने जघन्य अपराध की साजिश रची थी। जांच में आरोप की पुष्टि हो चुकी है। महिला आरक्षी व दारोगा दोनों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है। महिला आरक्षी को निलंबित कर दिया गया है। वहीं दारोगा के खिलाफ विभागीय कार्रवाई करने के लिए मिर्जापुर एसपी को भी पत्र लिखा गया है।

Updated on:
01 Aug 2020 06:16 pm
Published on:
31 Jul 2020 10:32 pm