बरसात और बाढ़ के बाद अब तराई के जिले में बीमारियों का प्रकोप बड़ी तेजी के साथ बढ़ने लगा है।
बहराइच. बरसात और बाढ़ के बाद अब तराई के जिले में बीमारियों का प्रकोप बड़ी तेजी के साथ बढ़ने लगा है। जिला अस्पताल में मरीजों की संख्या में बड़ी तेजी के साथ इजाफा हो रहा है। थाना फखरपुर इलाके के रसूलपुर दरेहटा गांव में डायरिया की चपेट में आकर दो सगे भाइयों की मौत हो गई जबकि तीसरी बहन जिला अस्पताल में ज़िन्दगी मौत की जंग लड़ रही है।
गांव में अब तक करीब एक दर्जन से ज़्यादा लोगों को डायरिया ने अपनी चपेट में ले लिया है। वहीं मामले की भनक लगते ही CMO दल बल के साथ गांव में पहुंच कर पीड़ितों के इलाज में जुटे हुए हैं। वहीं इस घटना को CMO साहब फ़ूड प्वाइजनिंग से मौत होने की पुष्टि कर रहे हैं।
ज़िन्दगी और मौत से लड़ रही लड़की
फखरपुर क्षेत्र के दरेहटा गांव में डायरिया का प्रकोप अपना पैर पसार चुका है। इसी गांव के रहने वाले महसर अली के 6 वर्षीय छोटे बेटे की दो दिन पूर्व मौत हो गई थी। बेटे को दफनाने जब पिता क़ब्रिस्तान पहुंचा तो सूचना आई की 11 वर्षीय बड़े बेटे को भी उल्टी दस्त शुरू हो गए हैं जिस पर छोटे बेटे को दफना कर वो बड़े बेटे को इलाज के लिए जिला अस्पताल लेके भागे। अभी उसकी हालत में सुधार हुआ भी नहीं था की 14 वर्षीय बेटी की भी हालत बिगड़ने लगी। इसी बीच डायरिया से ग्रसित दूसरे बेटे नें भी दम तोड़ दिया और बेटी जिला अस्पताल में ज़िन्दगी और मौत के बीच झूल रही है।
स्वास्थ महकमा पूरी तरह तैयार
वहीं बहराइच के सीएमओ डॉ अरुण कुमार पाण्डेय इस घटना को किसी प्रकार की महामारी के बजाय फ़ूड प्वॉइजनिंग से मौत होंना करार दे रहे हैं। साथ ही कहा कि बरसात के बाद अमूमन बीमारियों की बाढ़ आती है जिससे निपटने के लिए स्वास्थ महकमा अपनी तरफ से पूरी तरह तैयार रहता है।