बदलते मौसम में आई फ्लू से संक्रमित बीमारी बड़ी तेजी से फैल रहा है। इस संबंध में डॉक्टरों ने सावधानी बरतने की सलाह दी है। सोशल डिस्टेंसिंग और साफ सफाई का विशेष ध्यान रखें।
Eye flu : बलिया जिले में आई फ्लू यानी कंजक्टिवाइटिस रोग बड़े पैमाने पर फैल रहा है। हालात यह है कि सौ लोग में 40 की आंखों में यह समस्या मिल रही है। पिछले कुछ दिनों से जिला अस्पताल में प्रतिदिन नेत्र रोग की ओपीडी में 100 से अधिक मरीज आंखों में पानी आने, लाल होने, किरकिराहट होने और दर्द और सूजन की शिकायत लेकर आ रहे हैं।
आई फ्लू वैसे तो ज्यादा खतरनाक बीमारी नहीं है लेकिन आंखों में होने के कारण एक कष्टदायक होती है। कंजक्टिवाइटिस एक प्रकार से आंखों में होने वाला संक्रमण है, जो आंखों के संवेदनशील भाग कोन्जक्टिवा को प्रभावित करता है। इस संक्रमण में वायरस बैक्टीरिया या एलर्जी शामिल हो सकती है। मरीजों में खांसी, जुकाम और बुखार के बाद कंजक्टिवाइटिस की समस्या आ रही। बारिश और उमस भरी गर्मी में ऐसे मरीजों की संख्या बढ़ गई है।
आई फ्लू के लक्षण
आई रोग विशेषज्ञ जीएस चौहान ने बताया कि कंजंक्टिवाइटिस वायरल बीमारी है। यह चार से पांच दिन में ठीक होती है। इसके होने से आंखें लाल सूजन युक्त व जलन या खुजली व आंखों से पानी आने लगता है। सुबह जगने पर आंख की पलकें आपस में चिपक जाती है। दर्द भी होता है।
आई फ्लू होने पर बरतें सावधानी
आई फ्लू हाेने पर संक्रमित से दूरी बनाए रखें और हाथ न मिलाएं। संक्रमण से बचने के लिए चश्मा पहनें। ठंडे पानी से दिन में दो बार आंखें धोएं। आई स्पेशलिस्ट की बताई ड्रॉप्स ही आंखों में डालें। मेडिकल स्टोर वालों की बताई दवाएं न लें, आंख खराब भी हो सकती है। आंख को मसले न, साफ कपड़े से साफ करे। हाथों को नियमित रूप से साफ करें।