बालोद

तेज रफ्तार हाइवा की चपेट में आया मोटरसाइकिल सवार युवक, मौत

तेज रफ्तार हाइवा ने शुक्रवार की शाम एक और युवक की जान ले ली। रेत से भरे हाइवा की चपेट में आने से युवक की मौत हो गई। उसने हेलमेट नहीं पहना था। उसकी पहचान लखन सिन्हा के तौर पर हुई। लखन की मौत के बाद उसके घर में दो महिला व दो अबोध बच्चे ही बचे हैं।

2 min read

road accident गुरुर. तेज रफ्तार हाइवा ने शुक्रवार की शाम एक और युवक की जान ले ली। रेत से भरे हाइवा की चपेट में आने से युवक की मौत हो गई। उसने हेलमेट नहीं पहना था। उसकी पहचान लखन सिन्हा के तौर पर हुई। लखन की मौत के बाद उसके घर में दो महिला व दो अबोध बच्चे ही बचे हैं।

घटनास्थल पर ही युवक की मौत

जल संसाधन विभाग बालोद डिवीजन में पदस्थ लखन सिन्हा पिता दयालुराम सिन्हा 32 साल की ग्राम तार्री के पास सड़क हादसे में मौत हो गई। घटना शुक्रवार शाम 5 बजे की है। मृतक बालोद में ड्यूटी कर वापस घर गुरुर आ रहा था। युवक मोटरसाइकिल में था। ग्राम तार्री के पास सामने से आ रहे तेज रफ़्तार हाइवा क्रमांक सीजी 08 एएस 8230 ने उसे अपनी चपेट में ले लिया, जिससे घटनास्थल पर ही उसकी मौत हो गई।

यह भी पढ़ें :

पिता की मौत के बाद मिली थी अनुकंपा नियुक्ति

मृतक लखन सिन्हा को उसके पिता की मौत के बाद अनुकंपा नियुक्ति एक साल पूर्व ही मिली थी। लखन की मौत के बाद घर में उसकी मां एवं पत्नी व उसके 4 व 2 साल के बच्चे ही बचे हैं। परिवार के लिए सबसे दुखद ये हैं कि मृतक के के बड़े भाई की मौत भी सड़क दुर्घटना से वर्षों पूर्व हुई थी। लखन सिन्हा दो भाई थे। दोनों की मौत से उसके परिवार में अब एक भी पुरुष सदस्य नहीं बचा है।

डिपो में नहीं मिली लकड़ी

लखन सिन्हा की मौत के बाद परिजन नगर में संचालित वन विभाग के डिपो में शवदाह के लिए लकड़ी खरीदने पहुंचे, लेकिन डिपो में लकड़ी ही नहीं थी, जिससे परिजनों को लकड़ी के लिए मशक्कत करनी पड़ी। वार्ड पार्षद चिंताराम साहू ने डिपो में लकड़ी नहीं रहने पर नाराजगी व्यक्त करते हुए तत्काल लकड़ी की व्यवस्था करने वन विभाग से मांग की।

यह भी पढ़ें :

Published on:
03 May 2024 11:30 pm
Also Read
View All

अगली खबर