
Mahtari Vandan Yojana: महतारी वंदन योजना को लेकर बालोद जिले से बड़ी खबर सामने आई है। दरअसल योजना से जुड़ी महिलाओं को ई-केवाईसी करने को कहा है। वहीं तय समय से पहले ई-केवाईसी करवाना होगा। नहीं होने पर उन्हें महतारी वंदन योजना की आगामी किस्त रूक सकती है। जारी सूची के अनुसार 10,273 महिलाओं के नाम है। जिन्होंने ई-केवाईसी नहीं कराई है। सूची आंगनबाड़ी केंद्रों को भेज दी गई है।
बालोद जिले में 2 लाख 53 हजार के करीब हितग्राही हैं, जो इस योजना का लाभ ले रहे हैं। इनमें से 11 हजार 895 महिला हितग्राहियों में से अब तक 10 हजार 273 महिलाओं ने ई-केवाईसी नहीं कराई है। ऐसे में इन महिलाओं की किस्त रूक सकती है। अभी भी 1622 महिलाओं की ई-केवाईसी हुआ है।
महिला एवं बाल विकास विभाग के डीपीओ समीर पांडे के मुताबिक जिन हितग्राहियों के खाते की ई-केवाइसी नहीं हुई है। उन हितग्राहियों के नामों की सूची संबंधित आंगनबाड़ी केंद्रों को उपलब्ध कराई गई है। केवल उन्हीं हितग्राहियों को ई-केवाईसी जरूरी है, जिनका नाम सूची में होगा। बाकी हितग्राहियों को ई-केवाईसी कराने की कोई आवश्यकता नहीं है। संबंधित आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को ऐसे हितग्राहियों से संपर्क कर उन्हें ई-केवाईसी में सहयोग कराने निर्देशित किया गया है।
बीते कुछ माह पहले जिले में एक ऐसा भी मामला सामने आया था, जिसमें एक शासकीय कर्मचारी महिला भी इस योजना का लाभ ले रही थी। हालांकि जानकारी के बाद योजना के तहत लिए लाभ की राशि वापस खाते में डाली गई।
एक ओर तो महतारी वंदन योजना को लेकर सरकार ई-केवाईसी को अनिवार्य कर रही है। वहीं दूसरी ओर नए आवेदन लेने के संबंध में चुप्पी साधकर बैठी है। योजना शुरू हुए सालभर बीत चुके हैं लेकिन दोबारा आवेदन की प्रक्रिया शुरू नहीं हुई है। जबकि जिले में ही हजारों महिलाएं जो पात्र हैं व नई शादी हुई महिलाओं को नए आवेदन का इंतजार है पर इस पर सरकार का कोई फैसला नहीं हुआ है।