
Patrika Raksha Kavach Abhiyan: भाटापारा पुलिस ने ऑनलाइन गेमिंग और अन्य आपराधिक गतिविधियों के लिए म्यूल बैक अकाउंट उपलब्ध कराने वाले एक संगठित गैंग का पर्दाफाश किया है। इस गैंग के सदस्य विभिन्न खाताधारकों से धोखाधड़ी करके उनके बैंक खाते का उपयोग आपराधिक कृत्यों में कर रहे थे।
मिली जानकारी के अनुसार, भाटापारा के निवासी जितेश कवरे ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी कि उसका बैंक खाता उसके परिचित शुभम मंधान ने उसके दुकान खोलने के लिए खाता लेने का झांसा देकर ले लिया था। बाद में जितेश को पता चला कि उसका खाता आपराधिक गतिविधियों में इस्तेमाल हो रहा था। इसके बाद पुलिस ने आरोपी शुभम मंधान के खिलाफ मामला दर्ज किया और उसे गिरफ्तार किया।
पुलिस द्वारा की गई जांच में यह बात सामने आई कि शुभम मंधान ने कई अन्य आरोपियों के साथ मिलकर क्षेत्र के अन्य खाताधारकों से उनके बैंक खातों के पासबुक, चेकबुक, एटीएम कार्ड और रजिस्टर्ड मोबाइल सिम प्राप्त किए थे। इन खातों का इस्तेमाल ऑनलाइन गेमिंग, सट्टा और अन्य आपराधिक कार्यों में किया गया। आरोपी ने स्वीकार किया कि इन खातों में 50 लाख से अधिक की राशि का लेन-देन हुआ था।
पुलिस ने इस मामले में अन्य पांच आरोपियों को भी गिरफ्तार किया है। इनमें हरिकेश घृतलहरे, श्रीराम रात्रे, सोनु नारंग, इमरान खान और आदिल खान शामिल हैं। सभी आरोपियों ने स्वीकार किया कि उन्होंने खाताधारकों को पैसे का लालच देकर धोखाधड़ी की थी और उनके खातों का दुरुपयोग किया।