सख्त हुए DGP अोपी सिंह, कर दी बड़ी घोषणा, अब नहीं बचेगा कोई अपराधी
बांदा. उत्तर प्रदेश पुलिस के डीजीपी ओपी सिंह बांदा पहुंचे जहां डीजीपी ने प्रदेश के पहले ई-मालखाने का उद्घाटन किया साथ ही जिले की एक नई पुलिस चौकी व एक महिला सम्मान कक्ष समेत कई चीजों का उद्घाटन किया है। वही शहर के सर्किट हाउस में एडीजी व डीआईजी की मौजूदगी में मंडल भर के पुलिस अधीक्षकों के साथ उन्होंने अपराध समीक्षा की बैठक करने के साथ ही डीजीपी ने सर्किट हाउस में पहुंचे फरियादियों से मिल उनकी भी समस्याएं जानी । जन सुनवाई के दौरान डीजीपी ने संबंधित अधिकारियों की क्लास भी ली। इस दौरान डीजीपी जन प्रतिनिधियों से औपचारिक भेंट कर मंडल भर के पुलिस विभाग की कार्यशैली का फीडबैक लेते नजर आये और छोटी मोटी कमियां सामने आने पर सभी पुलिस अधिकारियों को इन्हे दुरुस्त करने के निर्देश दिए।
आपको बता दें कि डीजीपी अपने एक दिवसीय दौरे पर बुंदेलखण्ड में आए हुए थे । इस दौरान उन्होंने मंडल के पुलिस अधीक्षकों के साथ अपराध समीक्षा बैठक कि और लंबित मामले को जल्द से जल्द निपटाने को लेकर उन्हें निर्देशित किया तो वहीं शहर कोतवाली बांदा पहुंचकर प्रदेश के पहले ई-मालखाने व महिला सम्मान कक्ष का उद्घाटन किया और पूरे प्रदेश में ई-मालखाने खुलवाने की बात कही है।
डीजीपी ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि डीजीपी बनने के बाद कई जोन में जाकर अपराध संख्या का जायजा लिया है। हमारी प्राथमिकता है कि हम पूरे देश में अपराध को नियंत्रण में रखे। हिस्ट्रीशीटरों के लिए अभियान चलाया है कि वो कानून के शिकंजे में आ सके। कहा कि हमने लगभग दो हजार अपराधियों को गिरफ्तार किया है। जिनके ऊपर इनाम था। जिन अपराधियों ने पुलिस से मुठभेड़ की है।
ऐसे 62 अपराधियों को मारा गया है। कहा कि गैंस्टर अभिनियम के तहत अपराधियों कि अवैध संपत्ति भी जप्त किया है। जिसमें 197 करोड़ रुपये की संपत्ति है। सभी जोन में भू माफियाअों को भी चिन्हित किया है और समय-समय पर उनकी अवैध संपत्ति भी हम जप्त कर रहे है।
महिलाओं के ऊपर हो रहे अत्याचारों को रोकने के लिए कई योजनाए चलाई है, एंटी रोमियों स्कॉट आदि, कार्यक्रमों के माध्यम से भी उन्हें जागरूक किया जा रहा है। हेल्पलाइन नंबर भी चलाया है जिसमें रोजाना 15 -16000 कॉल रोज आते है जिनमें कई को थाने में भेजा जाता। उन्होंने कहा कि हमने यूपी १००, एंटी रोमियो को आपस कनेक्ट कर दिया है। उन्होंने कहा कि सोशल मीडया को ज्यादा बढ़ावा दिया है। जिससे है आम जनता एक्टिव रह सके। हमने इससे एनआरआई को भी सुविधा दी है, साथ ही सोशल मीडिया की उपलब्धि गिनाई है। डॉयल १०० में कई जगह एफआईआर सुविधा भी चालू कर दी है।