
बेंगलूरु. मुख्यमंत्री एच.डी. कुमारस्वामी के नेतृत्व वाली गठबंधन सरकार में शामिल कांग्रेस के मंत्रियों ने लोक निर्माण मंत्री व मुख्यमंत्री के भाई एचडी रेवण्णा की दूसरे विभागों में हस्तक्षेप करने पर नाराजगी जताते हुए कहा कि गठबंधन सरकार को सुचारू रूप से चलाने के लिए रेवण्णा के दखल पर तत्काल रोक की जरूरत है।
उपमुख्यमंत्री जी. परमेश्वर की पहल पर गुरुवार को यहां बुलाई गई कांग्रेस के मंत्रियों ने परमेश्वर से इस बारे मेंं एक सुर से मांग की। सूत्रों ने बताया कि बैठक में शामिल मंत्रियों ने कहा कि मुख्यमंत्री कुमारस्वामी से भी कहा जाए कि अधिकारियों के तबादले करने सहित प्रमुख फैसले लेते समय उन्हें विश्वास में लें ताकि आगे चलकर किसी तरह का विवाद पैदा नहीं हो। मंत्रियों ने भरोसा दिलाया कि वे लोग पार्टी के आदेश के अनुसार काम कर रहे हैं और वे किसी भी स्थिति में नेतृत्व या सरकार के विरुद्ध किसी तरह की बयानबाजी नहीं करेंगे।
बैठक में कुछ मंत्रियों ने रेवण्णा के खिलाफ खुलकर व्यथा बयान की और कहा कि हमारे विभागों में उनका दखल नहीं होना चाहिए बल्कि हमें स्वतंत्र रूप से कार्य करने का अवसर दिया जाए। किसानों का ऋण माफ करने पर हमें कोई आपत्ति नहीं है। इसी तरह नया बजट पेश करने के मसले पर सिद्धरामय्या की बातों को मीडिया में ज्यादा तूल दिया जा रहा है लेकिन हम इस पर अपना सिर नहीं खपाते हैं।
उन्होंने कहा कि जिला प्रभारी मंत्रियों की तत्काल नियुक्तियां की जानी चाहिए ताकि हम जिला स्तर पर बैठकें करके विकास कार्य को गति देने में अपना योगदान कर सकें। मंत्रियों की राय लेने के बाद परमेश्वर ने गठबंधन सरकार चलाने के संबंध में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी द्वारा दी गई सलाह सामने रखकर कहा कि आप लोगों के व्यवहार व बयानों से गठबंधन सरकार को किसी तरह का आघात नहीं पहुंचना चाहिए।
उन्होंने कहा कि फसली ऋण माफ करने व नया बजट पेश करने के संबंध में मुख्यमंत्री ने हमारे साथ ही नहीं बल्कि राष्ट्रीय अध्यक्ष राहुल गांधी से भी परामर्श किया है। नए मंत्रियों के विभागों के कुछ कार्यक्रमों को बजट में शामिल करने के मसले पर वे कुमारस्वामी से चर्चा करेंगे। परमेश्वर ने भरोसा दिलाया कि जिला प्रभारी मंत्रियों की नियुक्तियों के संबंध में मुख्यमंत्री व आलाकमान के साथ चर्चा करके जल्द ही प्रभार संौप दिया जाएगा।