बारां

कारोबार के साथ बही खतरे की बयार, कृषि उपज मंडी बारां

बारां. कृषि उपज मंडी में कारोबार शुरू होने के दूसरे दिन ही सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां उड़ती नजर आई। अधिकतर लोगों ने मास्क की अनिवार्यता को बिसराए रखा। वहीं नीलामी प्रक्रिया के दौरान जिंस की ढेरियों पर लगी भीड़ चिन्ता की लकीरें बढ़ाती रही।
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Updated: 16 May 2020, 8:46 PM IST
कारोबार के साथ बही खतरे की बयार, कृषि उपज मंडी बारां
कारोबार के साथ बही खतरे की बयार, कृषि उपज मंडी बारां

बारां. कृषि उपज मंडी में कारोबार शुरू होने के दूसरे दिन ही सोशल डिस्टेंसिंग की धज्जियां उड़ती नजर आई। अधिकतर लोगों ने मास्क की अनिवार्यता को बिसराए रखा। वहीं नीलामी प्रक्रिया के दौरान जिंस की ढेरियों पर लगी भीड़ चिन्ता की लकीरें बढ़ाती रही।

मंडी में गेहूं की करीब ५० हजार क्विंटल तथा लहसुन की करीब 6 हजार से अधिक कट्टों की आवक हुई। नीलामी के दौरान एक ढेरी के पास ही काफी मात्रा में भीड़ जमा करके व्यापारियों ने खरीदारी की। जबकि ढेरी के आसपास गोले बनाकर उनमें खड़े होकर खरीदारी करने की इजाजत कृषि मंडी प्रशासन ने दी हुई है।

ऐसे ही हालात लहसुन के नीलामी स्थल पर दिखाई दिए। जहां पर भी भीड़ लगाकर के व्यापारियों ने लहसुन की खरीदारी की। हालांकि पुलिस की गाड़ी मंडी में कई बार घूमी। लेकिन केवल लंबा चक्कर लगाकर ही निकल गई। इन व्यापारियों पर पुलिस का भी कोई असर देखने मे नही आया। पुलिस की गाड़ी निकलने के दौरान भी यह बदस्तूर भीड़ लगाकर खरीदारी में मशगूल दिखाई दिए। कृषि उपज मंडी सचिव मनोज मीणा ने बताया कि सुबह ट्रैक्टर-ट्रॉलियों के प्रवेश के दौरान ही किसानों के हाथ सेनिटाइज करवाए गए थे। साथ ही यहां पर हम्मालों के लिए एक पानी की टंकी अलग से लगवाई गई है।

जहां पर साबुन रख दिया गया है। ताकि मंडी मे प्रवेश करने वाले लोग अच्छी तरह से हाथ धो कर अंदर प्रवेश करें। उन्होंने सोशल डिस्टेंस की बात को लेकर कहा कि हम लगातार माइक से उद्घोषणा करा रहे हैं। लेकिन व्यापारी इसकी इसकी पालन नहीं कर रहे हैं। तो इसका किया भी क्या जा सकता है। गेहूं की न्यनतम 16 50 से 1950 रुपए प्रति क्विंटल तक के भाव से बिका। जबकि लहसुन 25सौ से लेकर 51 सौ रुपए प्रति क्विंटल के भाव से बेचा गया।

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