
बारां/ बामला. करीब एक माह पहले बामला गांव में हुई डकैती व फायरिंग की घटना के बाद से बामला समेत आसपास के गांवों के लोग लकडिय़ां लेकर खुद पहरेदारी कर रहे हंै। इस दौरान ग्रामीण संदिग्धों से पूछताछ भी कर रहे है। मंगलवार रात बामला व इकलेरा गांव में वाहन समेत संदिग्ध लोग नजर आए तो बड़ी संख्या में लोग एकत्र हो गए। सूचना पर दोनों गांव में पुलिस भी पहुंची, कुछ को थाने पर लाया गया। बाद में तस्दीक कर उन्हें रवाना किया गया। बामली गांव में सोमवार रात कुछ संदिग्धों को देखा था, लेकिन वे ग्रामीणों को देखकर खिसक गए। सदर थाना प्रभारी आशीष भार्गव ने बताया कि बामला में मंगलवार रात करीब एक बजे मेगा हाइवे पर मध्यप्रदेश नम्बर की एक बोलेरो जीप को देखकर घेर लिया था। सूचना पर मौके पर पहुंच जीप सवार को थाने लाए थे। जीप सवार लोग झांसी से उनके परिवार के लोगों को छोड़कर टावा थाना भानपुरा जिला मंदसौर जा रहे थे। टावा सरपंच व वहां की पुलिस से तस्दीक कर उन्हें रवाना किया गया। इसी तरह इकलेरा में करीब 65 वर्षीय बाइक सवार को संदेह के आधार पर ग्रामीणों ने रोक लिया था। उसे भी मौके पर पूछताछ व तस्दीक कर रवाना किया गया। दौलतपुरा गांव से भी 8-10 संदिग्ध लोगों के घुसने की सूचना मिली थी। इस पर मौके पर पहुंचे तथा तलाश किया, लेकिन कोई नहीं मिला।
निरीक्षण में मिली खामियां
किशनगंज. पंचायत समिति प्रधान सेवाराम मीणा ने बुधवार को दर्जन भर गांवों का दौरा कर लोगों की समस्याएं सुनी। प्रधान ने खेड़ली, बरूनी, अर्जुनपुरा, बकनपुरा, गरडा, गोपालपुरा, नानकपुरा, बाटका आदि गांवों का दौरा किया। इस दौरान बकनपुरा में ग्रामीणों ने प्रधान मीणा को पेयजल की समस्या से अवगत करवाया। प्रधान ने समस्या को देखते हुए सरपंच व सचिव को समस्या के समाधान के लिए निर्देशित किया। प्रधान सेवाराम मीणा ने गरडा पंचायत के गोपालपुरा गांव में नदी पर पंचायत समिति कोष से बन रही पुलिया का निरीक्षण किया। निर्माण कार्य में कई खामियां मिली। प्रधान से सरपंच महिमा चौधरी व सचिव बालमुकन्द कोली को गुणवत्ता में सुधार करवाने के लिए निर्देश दिए।