हकीम पठान Baran News : बारां. सरकार की ओर से आरटीई के तहत अल्प आय वर्ग के कक्षा 9 से 12वीं तक के बच्चों को निशुल्क शिक्षा की बात तो खूब की जा रही हैं, लेकिन धरातल पर गिनती के बच्चों को ही इसका लाभ मिल रहा है। जिले में पिछल वर्ष मात्र 98 बालिकाओं […]
हकीम पठान
Baran News : बारां. सरकार की ओर से आरटीई के तहत अल्प आय वर्ग के कक्षा 9 से 12वीं तक के बच्चों को निशुल्क शिक्षा की बात तो खूब की जा रही हैं, लेकिन धरातल पर गिनती के बच्चों को ही इसका लाभ मिल रहा है। जिले में पिछल वर्ष मात्र 98 बालिकाओं को ही योजना के तहत निशुल्क शिक्षा दी गई। जबकि जिले के निजी विद्यालयों में करीब सवा लाख बालक-बालिकाओं का नामांकन है, लेकिन प्रचार-प्रसार नहीं होने से लोगों को जानकारी नहीं है।
फीस देने में सक्षम नहीं होने से कुछ ने सरकारी स्कूलों में प्रवेश ले लिया तो कुछ के बैंक खाते नहीं खुलने, लिंक नहीं होने आदि कारणों से निशुल्क शिक्षा से वंचित रह गए। पिछले वर्ष निजी विद्यालयों में कक्षा 9वीं की बालिकाओं की आवेदन संया ओर उनके खातों में पुनर्भरण राशि प्राप्त होने की स्थिति से इस योजना से जिले में अल्पआय वर्ग के बच्चों को लाभांवित किए जाने की अधिकारियों की मंशा का अंदाजा लगाया जा सकता है।
Right To Education :प्रचार नहीं किया तो जानकारी नहीं पहुंची
सरकार ने अल्प आय वर्ग (2.5 लाख तक की वार्षिक आय) के बच्चों को महंगे निजी विद्यालयों में निशुल्क शिक्षा देने के लिए शिक्षा का अधिकारी अधिनियम 2009 (आरटीई) लागू किया हुआ है। इसके तहत पहले कक्षा आठवीं तक के बच्चों को शिक्षा दी जा रही थी। दो वर्ष पहले तत्कालीन मुख्यमंत्री ने 2022-23 के बजट में कक्षा 9वीं से 12वीं में पढ़ रही बालिकाओं की मुफ्त शिक्षा जारी रखने के लिए इंदिरा शक्ति फीस पुनर्भरण योजना (Indira Shakti Fee Recharge Scheme) की घोषणा कर एक नवबर 2022 से इसकी शुरूआत की थी।
इसके तहत पिछले वर्ष जिले में मात्र 98 बालिकाओं के बैंक खाते में शुल्क का पुर्नभरण किया गया था। कक्षा 9वीं में अल्प आय वर्ग के बच्चों का नामांकन बढ़ाने को लेकर शिक्षा विभाग चुप्पी साधे है। विभाग सरकार की इस महत्वपूर्ण योजना का प्रचार-प्रसार नहीं कर रहा है। इससे कई पात्रजनों को जानकारी नहीं है। इससे नामांकन भी नहीं बढ़ पा रहे हैं।
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बालकों को भी फ्री, लेकिन निर्देश नहीं
सूत्रों के अनुसार सरकार नेे बालकों को निशुल्क शिक्षा देने के लिए योजना लागू की हुई है। 10 फरवरी 2023 को तत्कालीन मुख्यमंत्री ने निजी विद्यालयों में आरटीई के तहत नि:शुल्क अध्ययनरत बालकों की कक्षा 9 से 12 तक पढाई जारी रखने के लिए मुयमंत्री बालक फीस पुर्नभरण योजना की घोषणा की थी। सत्र 2022-23 से संचालित इस योजना के तहत पात्र बालक जिस गैर सरकारी विद्यालय में अध्ययनरत हैं, उसी में अथवा राज्य में स्थित अन्य गैर सरकारी विद्यालय जो पीएसपी पोर्टल पर पंजीकृत हो में कक्षा 9 में प्रवेश ले सकेगा। कक्षा 11 के लिए इच्छित संकाय उपलब्ध नहीं होने की स्थिति में पुन: अन्य विद्यालय में प्रवेश ले सकेगा। इस मामले में अब तक विभाग दिशा-निर्देशों का इंतजार कर रहा है।
-निजी स्कूलों में नामांकन : 1.25 लाख
-सरकारी में नामांकन : 1.37 लाख
-9वीं की बालिकाएं : 98
'पिछले वर्ष कक्षा 9वीं में प्रवेश लेकर इंदिरा शक्ति फीस पुनर्भरण योजना के तहत आवेदक आरटीई (RTE) की 98 बालिकाओं के खाते में राशि जारी की गई थी। आधार बैंक खातों से लिंक नहीं होने से अन्य के खातों में राशि नहीं गई होगी। बालकों के सबंध में फिलहाल दिशा-निर्देश नहीं मिले है।'- पियूष शर्मा, डीईओ (मुख्यालय)