थाना बारादरी इलाके में सनसनीखेज मर्डर और सट्टेबाजी में लिप्त बदमाशों के गैंग डी- 233 पर अब पुलिस ने शिकंजा कस दिया है। इस खतरनाक गैंग के पांच शातिर बदमाशों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस का मानना है कि इससे इलाके में जुर्म पर काफी हद तक लगाम लगेगी।
बरेली। थाना बारादरी इलाके में सनसनीखेज मर्डर और सट्टेबाजी में लिप्त बदमाशों के गैंग डी- 233 पर अब पुलिस ने शिकंजा कस दिया है। इस खतरनाक गैंग के पांच शातिर बदमाशों के खिलाफ गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई की गई है। पुलिस का मानना है कि इससे इलाके में जुर्म पर काफी हद तक लगाम लगेगी।
गैंग लीडर विनय, नितिन, राहुल, भगवान स्वरूप उर्फ लाले और चर्चित सट्टा माफिया जगमोहन उर्फ तन्नू ये सभी गंगापुर, थाना बारादरी के रहने वाले हैं। इन पर पहले से कई संगीन मुकदमे दर्ज हैं, जिनमें हत्या, जानलेवा हमला, जुआ अधिनियम और आर्म्स एक्ट शामिल हैं।
15 जुलाई 2023 को निगम मार्केट रोड पर ट्रांसफार्मर के पास अजय बाल्मीकि की दिनदहाड़े गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस सनसनीखेज वारदात के बाद इलाके में दहशत फैल गई थी। मृतक के पिता की तहरीर पर बारादरी थाने में पांचों के खिलाफ हत्या, साजिश और एससी/एसटी एक्ट के तहत केस दर्ज हुआ था। पुलिस ने मुख्य आरोपी विनय को तमंचा और कारतूस के साथ गिरफ्तार कर जेल भेजा था। इसके साथ ही दो अन्य आरोपी भी पकड़े गए थे, जबकि तन्नू और भगवान स्वरूप फरार हो गए थे। इन दोनों पर 25-25 हजार रुपये का इनाम घोषित किया गया था, जिन्हें बाद में पुलिस ने दबोच लिया।
गिरफ्तार आरोपियों पर पहले से कई मुकदमे दर्ज हैं। खास तौर पर जगमोहन उर्फ तन्नू पर जुए और शराब तस्करी से जुड़े एक दर्जन से ज्यादा केस हैं। वहीं विनय, नितिन और राहुल हत्या के मामले में अभी भी जेल में हैं, जबकि तन्नू और भगवान स्वरूप जमानत पर बाहर हैं।
पुलिस अब गैंग की काली कमाई पर भी कार्रवाई की तैयारी में है। गैंगस्टर एक्ट के तहत सभी आरोपियों की संपत्तियों को चिन्हित कर जब्त करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। एसएसपी अनुराग आर्य ने बताया कि यह कार्रवाई अपराध पर लगाम लगाने की दिशा में अहम कदम है। गैंग के खिलाफ सख्ती जारी रहेगी।”