जिले के औद्योगिक विकास को नई रफ्तार देने की तैयारी तेज हो गई है। प्रशासन ने गंगा एक्सप्रेसवे और राष्ट्रीय राजमार्ग के पास बड़ा इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित करने की योजना बनाई है।
बरेली। जिले के औद्योगिक विकास को नई रफ्तार देने की तैयारी तेज हो गई है। प्रशासन ने गंगा एक्सप्रेसवे और राष्ट्रीय राजमार्ग के पास बड़ा इंडस्ट्रियल कॉरिडोर विकसित करने की योजना बनाई है। इसके लिए आंवला तहसील के भमोरा क्षेत्र में करीब एक हजार हेक्टेयर जमीन चिह्नित कर ली गई है। इस परियोजना को यूपी एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी (यूपीडा) के माध्यम से विकसित किए जाने की तैयारी चल रही है। जिलाधिकारी अविनाश सिंह अधिकारियों के साथ स्थल का निरीक्षण करेंगे।
प्रदेश की नई औद्योगिक नीति के तहत बरेली में उद्योगों की संभावनाएं तेजी से बढ़ रही हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए प्रशासन ने आंवला तहसील के भमोरा गांव के पास करीब 1000 हेक्टेयर भूमि को इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के लिए चिन्हित किया है। यह क्षेत्र निर्माणाधीन गंगा एक्सप्रेसवे और राष्ट्रीय राजमार्ग के बेहद करीब स्थित है, जिससे यहां स्थापित होने वाले उद्योगों को परिवहन और कनेक्टिविटी की बड़ी सुविधा मिलेगी।
प्रस्तावित इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के विकास के लिए यूपी एक्सप्रेसवे इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट अथॉरिटी (यूपीडा) से बातचीत चल रही है। योजना के तहत यहां आधुनिक औद्योगिक ढांचा विकसित किया जाएगा, जिससे बड़ी कंपनियों को निवेश के लिए आकर्षित किया जा सके। प्रशासन का मानना है कि इस परियोजना के शुरू होने से बरेली क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों को नई दिशा मिलेगी।
औद्योगिक कॉरिडोर केवल सड़क या जमीन का विकास नहीं होता, बल्कि यह एक पूरी औद्योगिक पारिस्थितिकी प्रणाली तैयार करता है। यहां इलेक्ट्रॉनिक्स, ऑटोमोबाइल और अन्य मैन्युफैक्चरिंग सेक्टर के लिए विशेष औद्योगिक जोन बनाए जा सकते हैं। उद्यमियों को प्लग एंड प्ले सुविधा मिलेगी, जिसके तहत उन्हें जमीन, बिजली, पानी और सड़क जैसी मूलभूत सुविधाएं पहले से उपलब्ध होंगी। इससे कंपनियां बिना समय गंवाए उत्पादन शुरू कर सकेंगी।
इंडस्ट्रियल कॉरिडोर के साथ-साथ यहां लॉजिस्टिक पार्क, वेयरहाउस और परिवहन केंद्र विकसित किए जाने की भी योजना है, जिससे माल की ढुलाई तेज और सस्ती हो सके। इसके अलावा उद्योगों के आसपास स्मार्ट टाउनशिप विकसित की जा सकती हैं, जहां कर्मचारियों और अधिकारियों के रहने की आधुनिक व्यवस्था होगी। इससे क्षेत्र में रोजगार के बड़े अवसर पैदा होंगे और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूत आधार मिलेगा।
जिलाधिकारी अविनाश सिंह ने बताया कि आंवला तहसील क्षेत्र में करीब एक हजार हेक्टेयर भूमि औद्योगिक गलियारे के लिए चिन्हित की गई है। इस परियोजना को विकसित करने के लिए यूपीडा से बातचीत जारी है। उन्होंने कहा कि इंडस्ट्रियल कॉरिडोर बनने से जिले में निवेश बढ़ेगा और औद्योगिक विकास को तेज गति मिलेगी। आज अधिकारियों के साथ स्थल का निरीक्षण कर आगे की प्रक्रिया तय की जाएगी।