जनपद में अगर किसी को जहर खरीदना हो तो वो पेस्टीसाइड की दुकान पर जाकर आराम से ले सकता है, चाहे वो किसी भी उम्र का हो। जी हां ताजा मामला पीलीभीत का है, जहां इसका खुलासा हुआ है। विगत 3 मार्च को केन्द्रीय विद्यालय पीलीभीत की 9वीं कक्षा के छात्र ने फेल होने पर स्कूल में जहर पी लिया था। जहर इतना खतरनाक था कि डाक्टरों का कहना था कि 10 घन्टे के बाद ही कुछ बताया जा सकता है। अब जब छात्र ठीक हुआ है तो उसने बताया कि सुनगढी थाने के सामने से उसने एक पेस्टीसाइड की दुकान से जहर खरीदा था।
पीलीभीत के केन्द्रीय विधालय की कक्षा 9 में पढने वाला छात्र उज्जवल मैथ व साइंस में फेल हो गया था। उज्जवल ने बीते 3 मार्च को स्कूल में अपनी क्लास में कीटनाशक पी लिया। जिसके बाद उसकी हालत बिगड गयी। साथी बच्चों ने स्कूल की टीचर को बताया जिसके बाद बच्चे को जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया। जहां उसका इलाज चला। उजजवल ने बताया कि उसने यह जहर थाना सुनगढी के सामने से एक पेस्टीसाइड बेचने वाली दुकान से खरीदा था।
कृषि अधिकारी ने कहा, जांच कराएंगे
पूरे मामले में खुलेआम बिकते जहर पर कृषि रक्षा अधिकारी ए.के. मिश्रा कहना है कि उन्हें मीडिया के माध्यम से पता चला है कि छात्र को कीटनाशक बेचा गया है। यह एक जांच का विषय है । यह बात सही है कि बच्चों को कीटनाशक बेचना अपराध है।