
बरेली। शहर में होटल और रेस्टोरेंट का कारोबार सुरक्षा मानकों की पूरी तरह से अनदेखी कर चल रहा है। बदायूं रोड, सेटेलाइट, चंदपुर और शाहजहांपुर रोड जैसे इलाकों में अधिकांश होटल, रेस्टोरेंट और बरातघर बिना अग्निशमन एनओसी के ही संचालित हैं। अग्निशमन विभाग की जांच में कई होटल निर्माण मानकों पर खरे नहीं उतरे — कहीं बेसमेंट में एलपीजी गैस सिलेंडर का बैंक मिला तो कहीं हुक्का बार का अवैध संचालन।
मुख्य अग्निशमन अधिकारी (सीएफओ) मनु शर्मा ने ऐसे 20 से अधिक होटल, रेस्टोरेंट और बरातघरों को नोटिस जारी किए हैं। कई जगह बीडीए और आबकारी विभाग से लाइसेंस निरस्त करने व सीलिंग की कार्रवाई का अनुरोध किया गया है।
बदायूं रोड पर 90 फीसदी बरातघर बिना एनओसी के चल रहे हैं। हाल ही में त्रिमूर्ति बरातघर और नैना मेंशन को नोटिस जारी हुआ है। यहां अग्निशमन उपकरण नदारद हैं और पार्किंग व्यवस्था न होने से बरात के समय सड़क पर भारी जाम लगता है। सीएफओ ने चेतावनी दी है कि मानक पूरे न होने पर अगली कार्रवाई सीलिंग और ध्वस्तीकरण होगी।
अयूब खां चौराहे के पास प्राइम प्रॉपर्टी बार एंड रेस्टोरेंट में ऊपरी तल पर हुक्का बार संचालित पाया गया। सीएफओ ने होटल प्रबंधन को नोटिस देते हुए आबकारी अधिकारी से इस बार का लाइसेंस रद्द करने और बीडीए उपाध्यक्ष को इसे सील करने का अनुरोध किया है।
सेटेलाइट बस स्टैंड के पास स्थित सेटेलाइट होटल और रजानी होटल को पूरी तरह मानकविहीन पाया गया है। बेहद छोटे भूखंडों पर बने ये भवन आग लगने की स्थिति में खतरे का केंद्र बन सकते हैं। विभाग ने इन दोनों के ध्वस्तीकरण की सिफारिश बीडीए को भेजी है।
डोहरा रोड स्थित होटल कैप्शन के बेसमेंट में एलपीजी सिलेंडर का गैस बैंक मिला — सीएफओ ने सीलिंग का नोटिस जारी किया।
होटल अमाया (चौकी चौराहा) में अग्निशमन और ढांचागत खामियों के चलते नोटिस।
होटल जेएम विस्तारा (स्टेडियम रोड) और मूडी मून होटल (आज़ाद नगर) में फायर सिस्टम अक्रियाशील मिला।
होटल देवभूमि (शाहजहांपुर रोड) में बेसमेंट में टेंट हाउस का सामान मिलने पर नोटिस।
शहर के 20-25 होटल, रेस्टोरेंट और बरातघर फायर मानकों पर खरे नहीं उतरते। कई बार नोटिस देने के बाद भी सुधार नहीं किया गया है। ऐसे में संबंधित विभागों को कार्रवाई के लिए पत्र भेज दिया गया है। अग्निकांड की स्थिति में इन प्रतिष्ठानों की कोई जवाबदेही विभाग की नहीं होगी।