विकास खण्ड़ में पहले ओडीएफ होने वाली ग्राम पंचायतों के ग्राम प्रधानों को 5000 रु0 की सीमा तक पुरस्कृत किया जायेगा।
बरेली। स्वच्छ भारत मिशन के तहत प्रदेश को 2 अक्टूबर 2018 तक ओडीएफ घोषित किया जाना है। शासन ने इस कार्य में प्रत्येक स्तर पर योगदान देने वाले प्रधानों, अधिकारियों, कर्मचारियों, कन्सलटेंट एवं अन्य व्यक्तियों को प्रोत्साहित किये जाने हेतु पुरस्कृत करने का निर्णय लिया है। कमिश्नर डा0 पीवी जगनमोहन ने बताया कि प्रत्येक विकास खण्ड़ में पहले ओडीएफ होने वाली ग्राम पंचायतों के ग्राम प्रधानों को 5000 रु0 की सीमा तक पुरस्कृत किया जायेगा।प्रत्येक जनपद स्तर पर कम से कम 25 ग्राम पंचायतों को ओडीएफ होने पर प्रदेश के पहले 10 जनपदों को पुरस्कृत किया जायेगा। इसके अतिरिक्त दो विकास खण्ड़ ओडीएफ करने वाले प्रदेश के पहले 20 जनपदों को भी पुरस्कृत किया जायेगा।
सभी जनपद होंगे पुरस्कृत
इसके अतिरिक्त चालू वर्ष 2017-18 में ओडीएफ घोषित होने वाले प्रदेश के सभी जनपदों को पुरस्कृत किया जायेगा। उपरोक्त उपलब्धि हासिल करने वाले जनपद के जिलाधिकारी को 50 हजार रु0, मुख्य विकास अधिकारी को 30 हजार रु0 तथा डीपीआरओ को 20 हजार रु0 एवं 75 हजार रु0 की सीमा तक अन्य व्यक्तियो, अधिकारियो, कर्मचारियो, कन्सलटेंट आदि को पुरस्कृत करने का प्रावधान किया गया है।
ये रखे हैं पुरस्कार
शासन ने मण्डल स्तर पर भी 3 पुरस्कार रखे है। जिसमें मण्डल के न्यूनतम 2 जनपदो में कम से कम 25 ग्राम पंचायतों एवं पूरे मण्डल से कम से कम 75 ग्राम पंचायतें ओडीएफ होने वाले पहले 5 मण्डलो को पुरस्कृत किया जायेगा। इसके अतिरिक्त मण्डल के 2 जनपदो के न्यूनतम 3-3 विकास खण्ड़ एवं मण्डल के कुल 7 विकास खण्ड ओडीएफ होने पर पुरस्कृत होंगे। तीसरे ऐसे मण्डल भी जिनमें कम से कम 2 जनपदो के ओडीएफ घोषित होने पर पुरस्कृत होगें। मण्डलों में उपरोक्त उपलब्धि हासिल करने वाले कमिश्नर को 1 लाख रु0, उपनिदेशक पंचायत को 30 हजार रु0 तथा मण्डल में अन्य सहयोग करने वाले व्यक्तियो, अधिकारियो, कर्मचारियो, कन्सलटेंट आदि को 75 हजार रु0 तक पुरस्कार दिये जाने का प्रावधान किया गया है। इससे कम से कम कई लोगों को प्रेरणा मिलेगी और अन्य पंचायतें भी बेहतर काम करेंगी।