बहेड़ी क्षेत्र में एक बरातघर में शादी समारोह के दौरान अचानक ऐसा विवाद खड़ा हो गया कि तय हुई शादी अंतिम वक्त पर टूट गई। वरमाला की रस्म पूरी होने के बाद गोत्र को लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। मामला इतना बढ़ा कि दुल्हन पक्ष ने शादी से साफ इन्कार कर दिया और बरात दुल्हन के बिना ही लौट गई।
बरेली। बहेड़ी क्षेत्र में एक बरातघर में शादी समारोह के दौरान अचानक ऐसा विवाद खड़ा हो गया कि तय हुई शादी अंतिम वक्त पर टूट गई। वरमाला की रस्म पूरी होने के बाद गोत्र को लेकर दोनों पक्ष आमने-सामने आ गए। मामला इतना बढ़ा कि दुल्हन पक्ष ने शादी से साफ इन्कार कर दिया और बरात दुल्हन के बिना ही लौट गई।
थाना क्षेत्र के मंडनपुर रोड एक बरातघर में शुक्रवार रात जयमाला की रस्म हंसी-खुशी पूरी हुई थी। इसी दौरान दोनों पक्षों की महिलाओं के बीच कहासुनी शुरू हो गई। बातचीत के बीच वर पक्ष के गोत्र की जानकारी सामने आई। बताया जाता है कि दुल्हन पक्ष को जब गोत्र की जानकारी हुई तो उन्होंने इस गोत्र में विवाह को परंपरा के विरुद्ध बताते हुए शादी से मना कर दिया।
विवाद बढ़ने पर माहौल तनावपूर्ण हो गया। दोनों पक्षों के बीच तीखी नोकझोंक हुई, जिसके बाद शादी समारोह रोक दिया गया। सुबह दोनों पक्ष बहेड़ी थाने पहुंचे। यहां वर पक्ष ने शादी में हुए खर्च का भुगतान करने की बात कही। आपसी सहमति से खर्चे का निपटान हुआ और दोनों ने पुलिस कार्रवाई से इन्कार कर दिया। थाना प्रभारी पवन कुमार सिंह ने बताया कि दोनों पक्षों की ओर से कोई तहरीर नहीं दी गई है। मामला आपसी समझौते से सुलझा लिया गया है।
सूत्रों के मुताबिक दुल्हन पक्ष ने वर पक्ष की ओर से दिए गए उपहार और सामान भी लौटा दिए। सामाजिक रिवाजों और पारिवारिक दबावों के चलते दोनों परिवारों ने आगे विवाद न बढ़ाने का फैसला किया। देर सुबह बरात बिना दुल्हन के वापस लौट गई।