बरेली

फिजियोथेरेपिस्ट ने तोड़ दी महिला पुलिस कर्मी के बेटे के कूल्हे की हड्डी, जानिये फिर क्या हुआ

बारादरी में बीसलपुर रोड पर शिव शक्ति गार्डन की रहने वाली पीलीभीत में पुलिस इंटेलीजेंस की हेड कांस्टेबल रोशनी शुक्ला ने 17 मार्च 2025 की रात लगभग 9 बजे अपने बेटे अस्तित्व शुक्ला को पैर में दर्द की शिकायत पर बीसलपुर चौराहा के निकट आकाश टावर में संचालित प्रांशुल फिजियोथेरेपी सेंटर में दिखाया था।

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Apr 06, 2025
फिजियोथेरेपिस्ट जितेंद्र मौर्य

बरेली। शहर के एक फिजियोथेरेपिस्ट और उसके अनट्रेंड सहायक ट्रेनर ने एक महिला पुलिस कर्मी के बेटे की कूल्हे की हडडी तोड़ दी। शिकायत करने पर धमकाया। थाना बारादरी में फिजियोथेरेपिस्ट और उसके सहायक के खिलाफ आईजी के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया है।

बारादरी में बीसलपुर रोड पर शिव शक्ति गार्डन की रहने वाली पीलीभीत में पुलिस इंटेलीजेंस की हेड कांस्टेबल रोशनी शुक्ला ने 17 मार्च 2025 की रात लगभग 9 बजे अपने बेटे अस्तित्व शुक्ला को पैर में दर्द की शिकायत पर बीसलपुर चौराहा के निकट आकाश टावर में संचालित प्रांशुल फिजियोथेरेपी सेंटर में दिखाया था। सेंटर हेड फिजियोथेरेपिस्ट जितेंद्र मौर्य ने उनके बेटे को देखने के बाद अपने एक अनट्रेंड सहायक के हवाले कर दिया।

थेरेपी के दौरान टूटी कूल्हे की हड्डी, लंगड़ाकर निकला सेंटर के बाहर

रोशनी शुक्ला ने बताया कि वह अपने बेटे को लेकर जब सेंटर गईं थी, उस वक्त उसके पैर में दर्द था। सीसीटीवी में स्पष्ट है कि मेरा बेटा बगैर किसी सहारे के चलकर सेंटर गया था। फिजियोथेरेपी के बाद बेटे को चलने में दिक्कत हो रही थी। उसे सहारा देकर सेंटर से बाहर लेकर आई। इसको लेकर उन्होंने उन्होंने डॉक्टर जितेंद्र मौर्य से शिकायत की। डॉ. मौर्य ने कहा कि उनका सहायक भी प्रशिक्षित है। कोई परेशानी नहीं होगी। डॉ. मौर्य अन्य लोगों से बातचीत में व्यस्त रहे, उनके अनट्रेंड सहायक ने गलत ढंग से थेरेपी कर कूल्हे की हडडी तोड़ दी। इससे अस्तित्व के पैर में तेज दर्द होने लगा और वह जोर-जोर से चिल्लाने लगा। बावजूद इसके वह व्यक्ति और डॉक्टर उसके पैर और कूल्हे को मोड़ते रहे। इसकी वजह से वह चलने में असमर्थ हो गया।

एसआरएमएस में हुआ आपरेशन, बेड रेस्ट पर है बेटा

अस्तित्व शुक्ला (16) के पैर में ज्यादा दर्द होने पर उसे एसआरएमएस में दिखाया। जहां मेडिकल जांच में उसके कूल्हे में फ्रैक्चर होने की बात सामने आई। इसके बाद लगभग साढ़े तीन लाख रुपये में उसका मेडिकल कालेज में इलाज कराया गया। इसकी शिकायत फिजियोथेरेपिस्ट और बारादरी पुलिस से की, लेकिन वह अपनी गलती मानने को तैयार नहीं हुये। इसके बाद पीड़िता ने आईजी से मामले की शिकायत की। आईजी के आदेश पर बारादरी पुलिस ने डॉ जितेंद्र मौर्या समेत तीन लोगों पर एफआईआर दर्ज की है।

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