
बरेली। बदायूं जिले की बिसौली सीट से भाजपा विधायक कुशाग्र सागर पर रेप का आरोप लगने के बाद उनके पिता पूर्व विधायक योगेंद्र सागर एक बार फिर चर्चा में आ गए हैं। योगेंद्र सागर पर 2008 में बसपा सरकार में बिल्सी की रहने वाली छात्रा ने अपहरण और रेप का आरोप लगाया था। इस मामले में योगेंद्र सागर के दो अन्य करीबी नीरज शर्मा और तेजेन्द्र सागर को भी आरोपी बनाया गया था। इस मामले में पूर्व विधायक योगेंद्र सागर जेल भी गए थे फिलहाल वो जमानत पर है।
क्या था मामला
2008 में प्रदेश में बसपा की सरकार थी और योगेंद्र सागर बसपा के विधायक थे। 23 अप्रैल को बिल्सी की रहने वाली बीए सेकेंड ईयर की छात्रा अगवा हो गई थी जिसका आरोप योगेंद्र सागर, तेजेन्द्र सागर और नीरज शर्मा पर लगा था। घटना से प्रदेश की राजनीति में हड़कम्प मच गया था और ये अपने समय का काफी चर्चित कांड था। छात्रा ने तीनों पर अगवा कर दुष्कर्म का आरोप लगाया था और घटनास्थल योगेंद्र के लखनऊ स्थित सरकारी आवास को बताया था। इस मामले में कोर्ट ने सुनवाई करते हुए तेजेन्द्र सागर और नीरज शर्मा को उम्रकैद की सजा सुनाई। करीब आठ साल से दोनों जेल में हैं। इस मामले में योगेंद्र सागर ने 2014 में कोर्ट में सरेंडर किया था जिसके बाद उन्हें जेल भेज दिया गया था। फिलहाल वो जमानत पर जेल से बाहर हैं और उनका अलग ट्रायल चल रहा है।
खत्म हो गया राजनैतिक कैरियर
योगेंद्र सागर पर जब आरोप लगा था तो उनकी गिनती कद्दावर नेताओं में होती थी। वो उस समय बसपा के विधायक थे, लेकिन उन पर इन आरोप के बाद उनका राजनैतिक कैरियर समाप्त हो गया। इसके बाद उन्होंने बेटे को भाजपा से टिकट दिलाने में कामयाबी हासिल की और बेटे कुशाग्र सागर को विधायक बनवाया।
शुरू हुई जांच
भाजपा विधायक कुशाग्र सागर पर उनके घर मे काम करने वाली नौकरानी की बेटी ने शादी का झांसा देकर रेप का आरोप लगाया है। मंगलवार को पीड़ित युवती बरेली एसएसपी के सामने पेश हुई और विधायक पर आरोप लगाया। युवती के शिकायत पर एसएसपी कलानिधि नैथानी ने मामले की जांच सीओ थर्ड नीति द्विवेदी को दी है।