प्रेमनगर थाने में तैनात एक इंस्पेक्टर की अभद्र भाषा ने उसे कुर्सी से हटवा दिया। सिपाही की गर्भवती पत्नी पर आपत्तिजनक टिप्पणी करना इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह यादव को भारी पड़ गया।
बरेली। प्रेमनगर थाने में तैनात एक इंस्पेक्टर की अभद्र भाषा ने उसे कुर्सी से हटवा दिया। सिपाही की गर्भवती पत्नी पर आपत्तिजनक टिप्पणी करना इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह यादव को भारी पड़ गया। मामले की जानकारी मिलते ही एसएसपी अनुराग आर्य ने सख्त रुख अपनाया और तत्काल कार्रवाई करते हुए इंस्पेक्टर को थाने से हटा दिया।
जानकारी के मुताबिक 16 अप्रैल की रात सिपाही सीसीटीएनएस ड्यूटी पर था। इसी दौरान इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह यादव ने उसे बुलाकर सौंपे गए कार्य के बारे में पूछताछ की। सिपाही ने काम करने की बात कही, लेकिन इसी बीच इंस्पेक्टर का पारा चढ़ गया और उन्होंने सिपाही की गर्भवती पत्नी को लेकर अभद्र टिप्पणी कर दी। यह सब कुछ थाने के अन्य पुलिसकर्मियों के सामने हुआ, जिससे माहौल तनावपूर्ण हो गया।
सार्वजनिक रूप से हुई इस टिप्पणी से आहत सिपाही ने पूरा मामला थाना रजिस्टर में दर्ज कराया। शिकायत जैसे ही एसएसपी अनुराग आर्य तक पहुंची, उन्होंने बिना देर किए कार्रवाई की। इंस्पेक्टर सुरेंद्र सिंह यादव से तत्काल चार्ज छीन लिया गया और उन्हें भमोरा थाने में इंस्पेक्टर क्राइम के पद पर भेज दिया गया।
इस पूरे घटनाक्रम के बीच पुलिस विभाग ने एक सख्त संदेश देने की कोशिश की है। प्रेमनगर थाने की जिम्मेदारी अब एएसपी अंजना दहिया को सौंपी गई है। यह कदम न केवल अनुशासन बनाए रखने बल्कि महिला सम्मान और सशक्तीकरण को बढ़ावा देने के तौर पर भी देखा जा रहा है। बताया जा रहा है कि जिस महिला को लेकर टिप्पणी की गई, वह खुद पुलिस विभाग में तैनात हैं और इन दिनों मातृत्व अवकाश पर हैं। घटना के बाद पुलिस महकमे में चर्चा तेज है और इस कार्रवाई को एक उदाहरण के तौर पर देखा जा रहा है।