बरेली

मीट व्यापारी की हत्या के मामले में दो गिरफ्तार, सिपाही फ़रार

पुलिस ने सपा नेता फिरदौस उर्फ अंजुम और मुखबिर बड़े को गिरफ्तार कर लिया है

2 min read
Jun 24, 2018
Meet dealer murder case

बरेली। बारादरी में मीट व्यापारी की पुलिस द्वारा पीट पीट कर हत्या के मामले में गैर इरादतन हत्या के आरोपी दो सिपाहियों पर खाकी मेहरबान है, जबकि पुलिस ने सपा नेता व पूर्व पार्षद फिरदौस उर्फ अंजुम और उसके साथी बड़े उर्फ नौशाद को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। बड़े उर्फ नौशाद पुलिस का मुखबिर बताया जा रहा है।

ये था मामला
बारादरी के चक सकलैन का रहने वाला मुन्ना कुरैशी मीट कारोबारी था। 14 जून को उसे कांकर टोला पुलिस चौकी के सिपाही श्रीपाल और हरीश चंद्र ने पार्षद पति फिरदौस अंजुम के बारात घर में बुलाया, जहां पर मीट कारोबारी के साथ मारपीट कर गोकशी की बात कर रूपये मांगे। रूपये न देने पर उसको झूठे मुकदमे में फंसा कर जेल भेजने की धमकी दी, जिसके बाद मुन्ना कुरैशी की तबियत बिगड़ गई और उसके मुंह से खून निकलने लगा, जिसे देखकर सभी लोग मौके से भाग गए और परिजनों ने उसे इलाज के लिए बरेली के एक मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया था, जहां तबियत में सुधार न होने पर उसे दिल्ली रैफर कर दिया गया, जहां उसकी मौत हो गई। इस मामले में दोनों सिपाही और चौकी इंचार्ज को सस्पेंड किया जा चुका है और सिपाहियों के खिलाफ गैर इरादतन हत्या का मुकदमा दर्ज कराया गया है। सिपाहियों के साथ ही सपा नेता फिरदौस अंजुम और पुलिस के मुखबिर बड़े उर्फ नौशाद पर भी केस दर्ज हुआ है।

सिपाही हुए फरार
इस मामले में पुलिस ने सपा नेता फिरदौस उर्फ अंजुम और मुखबिर बड़े को गिरफ्तार कर लिया है वहीं दोनों सिपाही फरार हो गए हैं। एसपी कमलेश बहादुर ने बताया कि फरार सिपाहियों की गिरफ्तारी के प्रयास किए जा रहें हैं और जल्द ही उन्हें भी गिरफ्तार किया जाएगा।

बारादरी पुलिस मेहरबान
एसएसपी कलानिधि नैथानी ने भले ही पुलिसकर्मियों को दलालों और गलत काम करने वालों से दूरी बनाने के निर्देश दिए हों, लेकिन बारादरी पुलिस इन आरोपियों पर मेहरबान दिखी और दोनों से गिरफ्तारी के बाद भी दोस्ती दिखाती नजर आई। और आरोपी हवालात की जगह पुलिसकर्मियों से हंसी मजाक करता रहा।

Updated on:
24 Jun 2018 12:30 pm
Published on:
24 Jun 2018 11:48 am
Also Read
View All