-आवंटन कार्रवाई पर सवालिया निशान-जांच टीम ने बनाई रिपोर्ट, सरकार को भेजेगी
बाड़मेर.शहर के कृषि मण्डी परिसर में जीरा मण्डी आवंटन प्रक्रिया में घपले की लपटें निकली है। जिम्मेदारों ने नियमों को ताक में रखकर आवंटन किया। यहां 24 की आवंटन प्रक्रिया प्रस्तावित करने के बावजूद 25 दुकानों का आवंटन कर दिया। अंतिम दुकान का आवंटन महज अपने चेहते को फायदा पहुंचाने के लिए किया गया। इस प्रक्रिया के दौरान एक फर्म संचालक की मौत हो गई, लेकिन मलाई खा चुके जिम्मेदारों ने मृतक की फर्म के नाम दुकान का आवंटन कर दिया।
यूं हुआ था आवंटन
कृषि उपज मण्डी समिति की ओर से जीरा व्यापारियों के लिए मण्डी परिसर में जीरा मण्डी के लिए लीज पर भूखण्ड आवंटन के लिए फरवरी-2017 में आवदेन आमंत्रित कर 24 दुकानों को लॉटरी के जरिए मार्च-2017 में प्रथम चरण के तहत भूखण्ड का आवंटन किया गया।
यह मिली गड़बडिय़ां
अधिकांश व्यापारियों ने भूखण्ड आवंटन के लिए प्रस्तुत मण्डी प्रांगण के बिल अवैधानिक तरीके से पेश किए। इसमें फर्म के वेट/टिन नम्बर वाणिज्य कर विभाग से लिए ही नहीं। कई बिल व्यापारी के बिना हस्ताक्षर पाए गए। मण्डी परिसर में जीरा व्यवसाय का मण्डी शुल्क प्रति वर्ष जमा करवाने की बजाय आवंटन प्रक्रिया से दो दिन पहले एक साथ जमा करवाया गया। फाइलों में प्रस्तुत किए गए व्यापार के आंकड़े भी प्रमाणित नहीं पाए गए।
यह भी गड़बड़ी
आवंटन के लिए फाइल जमा करवाने के लिए 12 फरवरी अंतिम तिथि थी। लेकिन एक फर्म संचालक की फाइल में लेखाकर की ओर से जारी वित्तीय विवरण में तिथि 17 अगस्त अंकित है। इससे यह प्रतीत होता है कि यह प्रमाण पत्र फाइल जमा होने के बाद जोड़ा गया है।
पहले 24 फिर कर किए 25 भूखण्ड
जीरा मण्डी आवंटन प्रक्रिया के दौरान पहले 24 भूखण्ड जारी करने की विज्ञप्ति जारी की गई। लेकिन अंतिम समय में 24 भूखण्डों की संख्या 25 कर दी गई।
आवंटन प्रक्रिया के नियम
- मण्डी प्रांगण से जीरा खरीद के बिल
- फर्म/कंपनी के पंजीयन का प्रमाण पत्र
- जीरा व्यवसाय संबंध से वर्ष-2013-14, 14-15, 15-16 का जीरा टर्न ओवर/प्रति वर्ष मण्डी शुल्क जमा रसीद
- वर्ष-2015/16 में जीरा टर्न ओवर/व्यवसाय की प्रमाणित प्रति
- आयकर एवं बिक्रीकर विभाग में पंजीयन की प्रमाणित कॉपी
- ट्रेडिंग खाता सहित कई शर्तों के दस्तावेज आवश्यक
जांच टीम पर सवालिया निशान?
जीरा मण्डी के आंवटन में गड़बड़ी की शिकायत पर कृषि विपणन विभाग की टीम ने भी औपचारिक जांच कर इतिश्री कर दी। जीरा मण्डी की दुकानों के आंवटन में अपने चेहतों का फायदा पहुंचाने व नियमों को धत्ता बता कर दुकानों के आंवटन की शिकायत मिलने पर कृषि विपणन निदेशक के नेतृत्व में बीकानेर कृषि विपणन विभाग संयुक्त निदेशक चुन्नीलाल स्वामी व उदयपुर के संजय व्यास बाड़मेर पहुंचे और जीरा मण्डी के दस्तावेज खंगाले। सभी फाइलों की जांच कर रिकॉर्ड रिपोर्ट तैयार की गई। उन्होंने अधिकारियों व शिकायतकर्ताओं से प्रक्रिया की जानकारी ली। लेकिन यहां क्या गड़बडिय़ां मिली, इसका खुलासा नहीं किया गया।
- मामले की जांच रिपोर्ट सरकार को भेजी
जीरा मण्डी भूखण्ड आवंटन में हुई गड़बड़ी के मामले की जांच रिपोर्ट पहले सरकार को भेजी जाएगी। अभी कुछ नहीं कह सकते। - संजय व्यास, संयुक्त निदेशक, कृषि विपणन विभाग उदयपुर