- चिकित्सकों की हड़ताल के कारण कर रहे रैफर, भटक रहे मरीज, विशेषज्ञों के कक्षों पर ताले
बाड़मेर. सेवारत चिकित्सकों के सामूहिक अवकाश व हड़ताल पर जाने से जिले भर में चिकित्सा सेवाएं दिन ब दिन बदहाल हो रही हैं। जिला चिकित्सालय में एक सप्ताह से सिजेरियन डिलीवरी नहीं हुई है। इसके लिए गर्भवतियों को रैफर किया जा रहा है। सातवें दिन शनिवार को अस्पताल की व्यवस्था चरमरा गई। विशेषज्ञ सेवाएं भी ठप हैं। रोग विशेषज्ञ नहीं होने से दूर-दराज से पहुंच रहे मरीज जिला अस्पताल का चक्कर लगा कर बैरंग लौट रहे हैं। यहां शनिवार को ओपीडी 449 पर आ गई।
कराहती गर्भवती ऑपरेशन के लिए रैफर
हड़ताल से पहले जिला चिकित्सालय में प्रतिदिन तीन से चार सिजेरियन डिलीवरी होती थी। लेकिन स्त्री रोग विशेषज्ञ उपलब्ध नहीं होने से यहां ऑपरेशन नहीं हो रहे हैं। महज सामान्य प्रसव करवाए जा रहे हैं। ऐसे में गंभीर मामलों में गर्भवती को ऑपरेशन के लिए जोधपुर रैफर किया जा रहा है। यहां से शनिवार को तीन डिलीवरी केस जोधपुर रैफर हुए।
खाली हो गए वार्ड
विशेषज्ञ नहीं होने से गंभीर व सामान्य मरीजों की भर्ती लगभग ठप है। इसके चलते वार्ड सूने नजर आ रहे हैं। शिशु रोग वार्ड, सर्जिकल व मेडिकल वार्ड में मरीज नहीं है। इक्के- दुक्के सामान्य मरीजों को भर्ती किया जा रहा है लेकिन उन्हें उपचार नहीं मिलने से एक-एक कर चले जा रहे हैं।
सात दिन में एक भी गिरफ्तारी नहीं
प्रशासन ने आयुष व अन्य चिकित्सकों की मदद से जिले भर में वैकल्पिक इंतजाम किए हैं। लेकिन ये मरीजों पर भारी पड़ रहे हैं। वहीं हड़ताल के सात दिन बाद भी एक भी चिकित्सक को पुलिस गिरफ्तार नहीं कर पाई है।
सरकार धैर्य की परीक्षा न लें- जैन
उधर, विधायक मेवाराम जैन ने अस्पताल में दौरा करने के बाद शनिवार को पत्रकारों से बातचीत में कहा कि सरकार जनता के धैर्य की परीक्षा न ले। उन्होंने कहा कि सरकार जल्द चिकित्सकों से वार्ता नहीं करेगी तो कांग्रेस की ओर विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि सरकार संवेदनहीन हो गई है, वह जनता को पीड़ा नहीं समझ रही है। चिकित्सकों से समझाइश की बजाय उनको उकसाने का काम कर रही है। उन्होंने चिकित्सकों को मानवता के नाते अपील करते हुए कहा कि मरीजों की हालात को देखते हुए काम पर पहुंचें। यह पुण्य का कार्य होगा।
नारेबाजी कर पुतला फूंका
विधायक मेवाराम जैन के नेतृत्व में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने अस्पताल परिसर में चिकित्सा मंत्री कालीचरण सराफ व मुख्यमंत्री के खिलाफ नारेबाजी करते हुए पुतला फंूक विरोध जताया। इस मौके पर पार्षद बलवीर माली, अनिल व्यास, रिड़मलसिंह दांता, डूंगर बाना, किशोर चौधरी सहित कई जने मौजूद रहे।