--परशुराम जयंती मनाई
बालोतरा.
नगर के वनखंडी महादेव मंदिर में बुधवार को ब्राह्मण महासभा के तत्वावधान में परशुराम की जयंती धूमधाम से मनाई गई। इसमें बड़ी संख्या में समाज के लोग शामिल हुए।
कार्यक्रम में उपस्थित जनों ने भगवान परशुराम की तस्वीर के आगे पुष्प चढ़ा व दीप जलाकर कार्यक्रम की शुरुआत की। ब्राह्मण महासभा बालोतरा अध्यक्ष भवानीशंकर गौड़ ने स्वागत भाषण दिया। संत निर्मलदास ने कहा कि परशुराम भगवान विष्णु के छठें अवतार थे। वे परम विद्वान व पराक्रमी व्यक्ति थे। उन्होंने अनाचार को धरती से समाप्त कर धर्म की स्थापना की। उनके आर्दशों को जीवन में अपनाएं। ब्राह्मण समाज एकजुट होकर रहें। ब्राह्मण समाज आरक्षण मंच जिलाध्यक्ष रमेश त्रिवेदी ने समाज के विकास के लिए ब्राह्मण समाज को एकजुट होने की बात कही। ब्राह्मण महासभा जिला महामंत्री बजरंग पालीवाल, पार्षद गोपाल पारीक, प्रदेश मंत्री अनूप शर्मा, वरिष्ठ उपाध्यक्ष सियाराम शर्मा, हनुमान पालीवाल, कांतिलाल व्यास, सुरेश तिवारी, संगठन मंत्री जगदीशसिंह राजपुरोहित, नरेश शर्मा, भूराराम, सुरेश पालीवाल, दमन त्रिपाठी, सुनिल दवे, उदयभानु व्यास, संयुक्त महासचिव संजय शर्मा, रमेश शर्मा, बसंत शर्मा, मोटाराम पंचारिया, ग्रामीण अध्यक्ष गोपाराम पालीवाल सहित बड़ी संख्या में उपस्थित जनों ने परशुराम की तस्वीर पर पुष्प चढ़ा उन्हें नमन किया।
मायलावास. गांव में बुधवार को परशुराम जयंती पर गाजे-बाजे से रैली निकाली गई, जो प्रमुख मार्गों से होती हुई मंदिर पहुंची। यहां बैठक को संबोधित करते हुए रैली प्रमुख दिनेश ने कहा कि भगवान परशुराम हम सभी के आदर्श हैं। उन्होंने विश्व कल्याण का संदेश दिया था। समस्त पृथ्वी हमारा परिवार है। इसकी रक्षा करना हम सभी का कर्तव्य है। इस अवसर पर जगदीशसिंह राजपुरोहित, बाबूसिंह, रमेश लखारा, महेंद्र लखारा, रामसिंह मौजूद थे।
बाड़मेर पत्रिका
राजस्थान ब्राहमण महासभा नगर शाखा की ओर से बुधवार को गौड छात्रावास में भगवान परशुराम की जयंती मनाई गई। कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला न्यायधीश हरनारायण सारस्वत व राजस्थान ब्राहमण महासभा अध्यक्ष मांगीलाल शर्मा ने की। नगर शाखा प्रवक्ता सोहनलाल गौड़ ने बताया कि सुबह पंडित सुभाष शर्मा के सानिध्य में यज्ञ का आयोजन किया गया। जिसमें नगर अध्यक्ष व संयोजक रश्मिकांत मेहता व बाबूलाल गौड ने भाग लिया। जिला न्यायधीश सारस्वत ने भगवान परशुराम की मूर्ति पर माल्यार्पण कि या। इसके बाद कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि भगवान परशुराम पराक्रम के कारक व सत्य के धारक है। प्राणीमात्र का हित उनका सर्वोपरी लक्ष्य था। शैक्षिक प्रकोष्ठ अध्यक्ष बाबूलाल गौड़ ने कहा कि परशुराम आज भी ब्रहमांड में निवास करते है। कार्यक्रम में नगर अध्यक्ष व संयोजक रश्मिकांत मेहता, शिक्षाविद् दाऊलाल ठाकुर ने भगवान परशुराम के प्रसंग सुनाए। इस मौके पर दाऊलाल ठाकुर ने परशुराम चालीसा पाठ किया। धन्यवाद महेश दादाणी ने व्यक्त किया। इस मौके पर अम्बालाल अलबेला, रश्मिकांत जोशी, प्रदीप कुमार जोशी, बाबूलाल सारस्वत, जगदीश बोहरा, श्रीराम रामपुरिया, हडमतसिंह राजपुरोहित, एडवोकेट गोपालसिंह, रेणु गौड़, ललित जोशी, जोगाराम राणेजा, भेराराम, रतनी देवी, प्रेमलता, निर्मला, राकेश, टीकमदास, मुरलीधर, राजेन्द्र राणेजा, ओमप्रकाश शर्मा, अमित जोशी, सोनाराम, हनुमानराम, महेन्द्र शर्मा आदि मौजूद रहे। कार्यक्रम के अंत में महाआरती व प्रसादी का वितरण किया गया।