बाड़मेर

भवन का जर्जर छज्जा गिरने से दो की मौत, शव उठाने से इनकार, मुआवजे की मांग को लेकर बना गतिरोध

प्रशासन व पुलिस अधिकारियों ने समझाइश की। लेकिन देर शाम तक गतिरोध नहीं टूटा।

2 min read

पचपदरा के मुख्य बाजार में मंगलवार को एक सामाजिक भवन का जर्जर छज्जा गिरने से दो जनों की मौत हो गई। मौके पर बड़ी संख्या में एकत्रित हुए लोगों ने घटना को लेकर विरोध जताया और शव उठाने से इनकार कर दिया। प्रशासन व पुलिस अधिकारियों ने समझाइश की। लेकिन देर शाम तक गतिरोध नहीं टूटा।

छज्जा भरभराकर दोनों के ऊपर गिर गया

पुलिस के अनुसार कस्बे के श्रीरामसिंह राजपुरोहित (78) मंगलवार दोपहर घर से किसी काम से बाजार गए थे। इस दौरान पचपदरा के मुख्य बाजार क्षेत्र में स्थित जैन समाज की भोजनशाला के छज्जे के नीचे विश्राम के लिए खड़े हो गए। इस बीच खेत से लौट रहे मिठूसिंह राजपुरोहित (48) जो आपस में रिश्तेदार थे, उन्हेंं देखकर रुक गए। दोनों वहां पर बातचीत कर रहे थे। इस दौरान जर्जरहाल छज्जा भरभराकर दोनों के ऊपर गिर गया। गंभीर घायल श्रीरामसिंह की मौके पर ही मौत हो गई। आस पास खड़े लोगों ने मीठूसिंह को राजकीय चिकित्सालय पहुंचाया। जहां चिकित्सकों ने मृत घोषित कर दिया।

लोग वाहन के आगे खड़े हो गए

घटना की जानकारी मिलने पर बड़ी संख्या में ग्रामीण व समाज के लोग घटना स्थल पर एकत्रित हुए। पुलिस जब मृतक श्रीरामसिंह का शव गाड़ी में डालकर ले जाने लगी तो लोग वाहन के आगे खड़े हो गए। घटना को लेकर कड़ा रोष व विरोध जताया।

समझाइश के बाद भी नहीं माने परिजन व ग्रामीण

मौहल्ले के लोगों ने बताया कि पिछले दो महीने से अधिक समय से भवन के जर्जर छज्जे की मरम्मत करवाने की मांग कर रहे हैं। लेकिन मरम्मत नहीं करवाई। अब हादसे में दो जनों को जान गंवानी पड़ी। उन्होंने उचित कार्रवाई करने व मृतकों के परिजनों को मदद की मांग की। घटना की जानकारी पर तहसीलदार गोपी किशन पालीवाल, अतिरिक्त जिला पुलिस अधीक्षक गोपाल सिंह भाटी, पुलिस उप अधीक्षक अनिल पुरोहित आदि ने लोगों से समझाइश की। कुछ समय बाद पहुंचे पूर्व विधायक मदन प्रजापत, मंडापुरा सरपंच डालूराम प्रजापत, पूर्व सरपंच विजय सिंह खारवाल आदि ने प्रशासन के अधिकारियों से उचित कार्रवाई करने व मृतकों के परिजनों को मुआवजा देने की मांग की। प्रशासन व पुलिस ने दुबारा ग्रामीणों व परिजनों से वार्ता की, लेकिन प्रशासन के प्रस्ताव पर सहमत नहीं हुए। देर शाम के बाद भी ओसवाल भवन में ग्रामीणों, समाज के लोगों के बीच वार्ता जारी रही।

Published on:
12 Nov 2024 09:19 pm
Also Read
View All

अगली खबर