बस्तर

CRPF जवान ने साथी जवानों पर सर्विस रायफल से बरसाई गोलियां, मची अफरा-तफरी…

आंतरिक सुरक्षा सलाहकार के. विजय कुमार दक्षिण बस्तर के प्रवास पर भी हैं। पुलिस अफसरों की बैठक से पहले ही हुआ यह वारदात।
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Updated: 7 Mar 2018, 6:45 PM IST
Big Breaking ! CRPF के जवान ने साथियों पर सर्विस रायफल से बरसाई गोलियां, 2 घायल
Big Breaking ! CRPF के जवान ने साथियों पर सर्विस रायफल से बरसाई गोलियां, 2 घायल

जगदलपुर .सीआरपीएफ 191 बटालियन के एक जवान ने बीती रात एक बड़ी घटना को अंजाम दिया है। छग सीमा से लगे गढ़चिरोली के एटापल्ली में सीआरपीएफ का कैंप है। जहां अचानक एक जवान ने अपने ही बटालियन के साथी जवानों पर सर्विस रायफल से गोलियां बरसानी शुरू कर दी। मिली जानकारी के मुताबिक मंगलवार व बुधवार की दरमियानी रात करीब 1 बजे ड्यूटी में तैनात जवान संजय शेंद्रे ने अपने ही दो साथी संघपाल विलास मारोती व एनण इंगले पर गोलिया बरसा दी। जिससे कैंप सहित आसपास इलाके में अफरा-तफरी मच गई। गोली की आवाज सुन अन्य जवानों में भी बड़ी घटना की शंका से अफरा-तफरी मच गई।

गोली से दो जवान घायल
वहीं गोली के शिकार होकर दो जवान गंभीर रूप से घायल हो गए। जिन्हें प्राथमिक उपचार के लिए अहैरी के अस्पताल में भर्ती कराया गया था। फिर बेहतर उपचार के लिए दोनों ही जवानों को चंद्रपुर रेफर कर दिया गया, जहां से दोनों को नागपुर भिजवा दिया गया है। घटना की पुष्टि करते हुए एएसपी महेश्वर रेड्डी ने बताया कि इस वारदात में सीआरपीएफ 191 बटालियन के दो जवान घायल हैं। फिलहाल जांच की जा रही है। वारदात के कारण का पता नहीं चल सका है। आरोपी जवान से पूछताछ की जा रही है। प्रथम दृष्टया यह अंदेशा जताया जा रहा है कि यह कोई आपसी विवाद के कारण हुई है।

आंतरिक सुरक्षा सलाहकार भी हैं प्रवास पर
गौरतलब है कि बीजापुर व तेलांगना बॉर्डर पर माओवादियों के खिलाफ मिली बड़ी सफलता के बाद आंतरिक सुरक्षा सलाहकार के. विजय कुमार दक्षिण बस्तर के प्रवास पर भी हैं। वह दो दिन तक इस क्षेत्र में रहेंगे। सूत्रों का कहना है इस बीच बेहद गोपनीय बैठक भी है। संभाग के सभी एसपी से उनकी मुलाकात होनी है। माओवाद पर नकेल कसने और भी बड़े कदम उठाए जाने पर चर्चा की जानी है। मंगलवार को वे हेलीकॉप्टर से बारसूर पहुंचे। यहां रात्रि विश्राम होगा व अधिकारियों से चर्चा होगी। बताया जा रहा है, यहां से वह बुधवार को अरनपुर जाएंगे। माओवाद के गढ़ माने जाने वाले क्षेत्रों में किस तरह से काम करना है। क्या प्लानिंग अधिकारियों ने बनाई है।

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