
5600 शिक्षाकर्मी धरने पर, पढ़ाई और मध्याह्न भोजन ठप, पढ़ें खबर
जगदलपुर . छत्तीसगढ़ शिक्षा पंचायत नगरीय निकाय मोर्चा की आेर से सोमवार को 9 सूत्रीय मांगों को लेकर शिक्षाकर्मी अनिश्चिकालीन धरने पर चले गए है। इधर अभी पहली से आठवी की परीक्षाएं 24 नवंबर से होनी है, उसके ठीक पहले शिक्षाकर्मी फिर से धरने पर पहुंच चुके हैं और अपना एक सूत्रीय मांग को लेकर विरोध दर्ज कर दिया है। ऐसे में स्कूलों में बच्चों के शिक्षा का क्या होगा ? शिक्षा कर्मियों की मुख्य मांग संविलियन है। सोमवार को कई सैकड़ों स्कूल ब्लॉकों में बंद रहे, वही कुछ स्कूल खुले लेकिन वहां शिक्षक नहीं पहुंचे। विद्यार्थी स्कूलों में मस्ती, खेल खेलते नजर आए। स्कूलों में मध्यान्ह भोजन भी नहीं बंटा। मंगलवार को हड़ताली शिक्षाकर्मियों का दूसरा दिन है जो वे लगातार संविलियन की मांग को लेकर अपना विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं।
शिक्षाकर्मियों में काफी निराशा
सातों विकासखंड मुख्यालय में धरना प्रदर्शन किया गया। शहर के हाता मैदान में शिक्षाकर्मी एकजुट हुए। शिक्षा कर्मी मोर्चा के जिला संचालक शैलेंद्र तिवारी ने कहा कि शिक्षाकर्मियों में भारी निराशा है, उम्मीद है मुख्यमंत्री इस संबंध में विचार करेंगे। इस अवसर पर प्रबीर श्रीवास्तव, राजेश गुप्ता, शैलेंद्र तिवारी, जोगेंद यादव, वेद प्रकाश सोनी, मनीष ठाकुर, अविनाश दास, महेंद्र दास, हरेंद्र सिंह राजपूत, कुबेर चंद्र देवरी, रमेश सोनी, गजरात सिंह, सुनील बघेल आदि उपस्थित थे।
आंकड़ा : पहले दिन इतने स्कूल रहे बंद
दरभा - 85
जगदलपुर - 107
तोकापाल - 82
बास्तानार - 59
लोहांडीगुड़ा - 103
बकावंड - 179
बस्तर - 185
बकावंड में भी 900 शिक्षाकर्मी जुटे
ब्लॉक मुख्यालय बकावंड में 900 शिक्षाकर्मी अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठे। मीडिया प्रमुख नीलमणि साहू ने बताया कि शासन हमारी मांगों पर ध्यान न देकर शिक्षाकर्मियों को छलने का प्रयास कर रहे हैं। 9 सीएसी के हड़ताल पर जाने से शिक्षण कार्य ठप हो गया है। आंख से पूर्ण रूप से दिव्यांग शिक्षक दयतारी राम नाग भी धरना स्थल पर पूरे समय डटे रहे।
यह स्कूल नहीं खुले
जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में संचालित यह स्कूल पर पहले ही दिन से ताला लगा हुआ है। प्राथमिक शाला केशरपाल, उसरीगुड़ा, राउतपारा, बनियागांव, पटेलपारा, तुरपुरा, पुजारीगुड़ा, मुरुमभाटा, गोमका, नहरनी, पल्लीभाटा, मावलीगुड़ा, कोहकासिवनी, राजपुर, गुरिया, जाटनपाल, बोरगुड़ा, सरगीगुड़ा।