-अब ठगी का नया गेम, हर दिन ठगी के नए तरीके इजाद कर रहे बदमाश
भरतपुर. लॉकडाउन के दौरान इंटरनेट का अधिकतम इस्तेमाल हो रहा है। वर्क फ्रॉम होम से लेकर गेमिंग और चैनल का मजा भी इंटरनेट पर ही लिया जा रहा है। सावधान रहें साइबर ठग एसएमएस के जरिए आपको गेमिंग वेबसाइट के लिंक भेज रहे हैं। जिस पर रजिस्टर करते ही आपका खाता भी खाली हो सकता है। दरअसल, साइबर अपराधियों ने लोगों को बैंक खातों से रुपये साफ करने का एक आसान रास्ता निकाला है। वह एसएमएस के जरिए लोगों को लिंक भेज रहे हैं। इसमें लिखा होता है कि आपके खाते में अभी पांच हजार, 10 हजार, 15 हजार, 30 हजार रुपए तक पहुंच सकते हैं। बस आपको भेजे गए लिंक को क्लिक करना है। इस लालच से लोग लिंक को क्लिक करते हैं जो एक गेमिंग साइट पर ले जाती है। साइट दावा करती है कि खेल में जीतने का इनाम नकद खाते में ट्रांसफर कर दिया जाएगा। लोग इस पर रजिस्टर कर अपना अकाउंट बना लेते हैं। इस दौरान बैंक खाते की डिटेल भी मांगी जाती है। सूचना साइबर अपराधी के पास पहुंचते ही आपके खाते से रकम साफ कर दी जाती है। पुलिस अधिकारी भी मानते हैं कि एसएमएस के जरिए लॉकडाउन के दौरान लोगों के पास कई लिंक भेजे जा रहे हैं। हो सकता है कोई लिंक आपके मिलने वाले के नाम से भेजे गए हों। इस पर क्लिक नहीं करें।
जानिए...इस तरह खाते से गायब हो गए दो हजार रुपए
रणजीत नगर निवासी वंश कुमार के पास दो मई एसएमएस के जरिए लिंक भेजा गया। इसमें उसके खाते में पांच हजार रुपए पहुंचने का दावा किया गया था। उसने लिंक पर क्लिक किया तो वह एक गेमिंग साइट पर पहुंच गया। गेमिंग साइट पर उसे नकद इनाम ट्रांसफर करने का दावा किया गया। इसके बाद उससे अकाउंट बनवाया गया। अगले दिन उसके खाते से दो हजार रुपए निकाल लिए गए। हालांकि उसके खाते में दो हजार रुपए ही थे, अगर ज्यादा होते तो वो भी निकल सकते थे।
एफबी आइडी हैक कर ठग मांग रहे रकम
शहर समेत जिलेभर में लॉकडाउन के दौरान एफबी की आइडी हैक कर मित्रता सूची में शामिल लोगों को मैसेज कर राशि मांगने के मामले भी आए दिन सामने आ रहे हैं। इसमें भी एक्सपर्ट मानते हैं कि ठग बहुत शातिर तरीके से पासवर्ड चेंज कर संबंधित व्यक्ति की आइडी को खोलता है। उसके बाद उसके मित्रों से रकम मांगना शुरू कर देता है। पिछले दो-तीन महीने के दौरान करीब पांच सौ से भी अधिक इस तरह के मामले सामने आ चुके हैं। इसमें खुद सावधानी रखनी होगी कि एफबी व अन्य सोशल साइट्स का पासवर्ड बहुत गोपनीय रखें। मोबाइल नंबर या खुद के नाम या परिजनों के नाम पर पासवर्ड नहीं बनाएं।
हेलो...मैं शर्मा बोल रहा हूं...
लॉकडाउन के चलते आर्थिक स्थिति थोड़ा बिगड़ गई है। क्या आप मेरी थोड़ी मदद कर सकते हो। कुछ इस अंदाज में शातिर ठग किसी को भी फोन कर फंसाने की कोशिश कर रहे हैं। दरअसल, लॉकडाउन में साइबर ठगों ने लोगों को चूना लगाने का नया तरीका अपना लिया है। यह शातिर ठग खुद को रिश्तेदार बताकर लोगों से आर्थिक मदद मांगते हैं और बातों-बातों में खाते से लाखों की रकम पर हाथ साफ कर देते हैं।
-ऐसे प्रकरणों में खुद लोगों को भी सावधानी रखने की आवश्यकता है। अगर सावधानी रखेंगे तो ठगी से भी बच सकते हैं। अगर कोई ठग ऐसा करे तो उसकी सूचना तुरंत पुलिस को देनी चाहिए।
हैदर अली जैदी
एसपी