
Bharatpur Rain : राजस्थान में भरतपुर संभाग में बीते 2 दिनों से जारी मूसलाधार बारिश के कारण बांधों, नदियों एवं तालाबों के लबालब हो जाने से बांधों के द्वार खोलकर पानी की निकासी करनी पड़ रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार हालात को देखते सवाईमाधोपुर एवं करौली जिले में कक्षा एक से 12 तक के विद्यालयों में शनिवार को छुट्टी घोषित करनी पड़ी। सवाई माधोपुर में गुरुवार शाम से शुरू हुआ बारिश का दौर लगातार जारी रहने से शनिवार सुबह जिले के सभी 20 वर्षामापी केंद्रों मे पिछले 24 घंटे में कुल 1296 एमएम बारिश दर्ज की गई। यह इस मौसम में एक दिन में हुई सबसे ज्यादा बारिश है। बारिश के कारण करौली में सपोटरा के करणपुर क्षेत्र में नदी-नालों में उफान आ गया है, जिससे कुछ जगहों पर आवागमन पर असर पड़ा। ग्रामीण इलाकों में भी बारिश से जनजीवन प्रभावित हुआ है।
भरतपुर जिले के सबसे बड़े बांध बारैठा के लबालब भर जाने से जल संसाधन विभाग ने बांध के दो द्वार तीन-तीन फुट खोलकर पानी छोड़ना शुरू कर दिया है। बांध से 1500 क्यूसेक से ज्यादा पानी छोड़े जाने के चलते कुकुन्द नदी के बहाव क्षेत्र में चेतावनी जारी कर दी गयी है। बांध की कुल भराव क्षमता 29 फुट है, जिसके मुकाबले इसका स्तर 28.50 फुट पर पहुंच गया है।
बांध के द्वार खोलने से कुकुन्द नदी के किनारे बसे छह गांवों पुराबाई खेड़ा, कोठीखेड़ा, नारौली, कंजौली, ककरौआ और माढापुरा में पानी घुसने का खतरा बन गया है। प्रशासनिक सूत्रों ने बताया कि कुकुन्द नदी के बहाव क्षेत्र वाले गांवों में मुनादी करा कर लोगों से सुरक्षित स्थानों पर पहुंचने का आग्रह किया गया है।
पटवारी और ग्राम विकास अधिकारियों को मौके पर रहकर लगातार नजर रखने और लोगों को जान-माल के नुकसान से बचाने के लिए सावधान करने के निर्देश दिए गए हैं। लगातार बारिश से करौली के पाचना बांध में भी जलस्तर बढ़कर 256.85 मीटर पहुंच गया है। बांध का अधिकतम जलस्तर 258.62 मीटर है। धौलपुर एवं डीग जिले में भी पिछले दो दिनों से झमाझम बारिश से आम जनजीवन प्रभावित हुआ है। (वार्ता)