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Bharatpur : चुनावी सरगर्मी के बीच भरतपुर में शराब की मांग बढ़ी, एडवांस बुकिंग शुरू, डीईओ बोले- बढ़ेगा राजस्व

Bharatpur : भरतपुर में निकाय चुनाव की सरगर्मी बीच शराब ठेकेदारों ने एडवांस में ही बड़े पैमाने पर शराब का स्टॉक मंगाना शुरू कर दिया है। सप्लाई में दिक्कत न आए, इसलिए एडवांस बुकिंग की जा रही है।
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bharatpur liquor demand doubles in election fever

Bharatpur : फोटो एआइ से बनाई गई है।

Bharatpur : भरतपुर में निकाय चुनाव की सरगर्मी बढ़ने के साथ ही शराब कारोबार में भी हलचल तेज हो गई है। चुनावी माहौल को देखते हुए शराब ठेकेदारों ने एडवांस में ही बड़े पैमाने पर शराब का स्टॉक मंगाना शुरू कर दिया है। बताया जा रहा है कि सामान्य दिनों की तुलना में कई क्षेत्रों में शराब के ऑर्डर डेढ़ से दो गुना तक बढ़ गए हैं। चुनाव में प्रत्याशियों और समर्थकों की ओर से होने वाले आयोजनों को देखते हुए शराब की मांग बढ़ने की संभावना जताई जा रही है।

इसी को ध्यान में रखते हुए ठेकेदारों ने कंपनियों और डिस्ट्रीब्यूटर्स को पहले से ही ऑर्डर देना शुरू कर दिया है। कई ठेकेदारों का कहना है कि चुनाव के दौरान अचानक मांग बढ़ने पर सप्लाई में दिक्कत न आए, इसलिए एडवांस बुकिंग की जा रही है। जिनके खिलाफ प्रशासनिक कार्रवाई की कवायद शुरू कर दी गई है।

अवैध शराब पर भी रहेगी पैनी नजर

भरतपुर शहर में रात 8 बजे बाद मिलने बाद मिलने वाली अवैध शराब पर भी विभाग की पैनी नजर रहेगी। वहीं पुलिस प्रशासन की मदद से रात्रि को मिलने वाली अवैध शराब पर शिकंजा कसा जाएगा। इसके अलावा अवैध शराब के बिक्री स्थानों को निगाह में रखते हुए इनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।

सामान्य बिक्री के मुकाबले बढ़ी मांग

शराब कारोबार से जुड़े लोगों के अनुसार चुनाव की घोषणा और प्रचार गतिविधियां तेज होने के साथ बिक्री में भी इजाफा देखने को मिल रहा है। सामान्य दिनों में जहां सीमित मात्रा में ऑर्डर दिए जाते हैं, वहीं अब कई ठेकों पर संभावित मांग को देखते हुए अतिरिक्त स्टॉक की तैयारी की जा रही है जिससे शराब के स्टॉक पर कोई प्रभाव नहीं पड़े।

प्रशासन की निगरानी पर सवाल

चुनाव के दौरान शराब की खपत बढ़ने की आशंका के बीच आबकारी विभाग और प्रशासन की निगरानी भी महत्वपूर्ण हो जाती है। चुनाव आचार संहिता लागू होने के बाद अवैध शराब के भंडारण, वितरण और मतदाताओं को प्रभावित करने के लिए शराब के इस्तेमाल पर विशेष नजर रखने की जरूरत होगी। ऐसे में आने वाले दिनों में शराब की बिक्री और स्टॉक पर निगरानी बढ़ाई जा सकती है।

बिक्री बढने से बढ़ेगा राजस्व

चुनावी माहौल में शराब पीकर हुड़दंग मचाने वालों पर पुलिस की पैनी नजर रहेगी। हालाकि चुनावी और खास मौकों पर शराब की बिक्री में बढ़ोतरी हुई है। इससे राजस्व भी बढ़ेगा।
बद्री नारायण मीणा, जिला आबकारी अधिकारी