
Gurjar Mahapanchayat in Bharatpur: भरतपुर। राजस्थान में गुर्जर आरक्षण आंदोलन की सुगबुगाहट फिर से बढ़ने लगी है। भरतपुर के पीलूपुरा में 8 जून को गुर्जर समाज की महापंचायत होने वाली है। महापंचायत को लेकर गुर्जर समाज के लोगों ने 300 से ज्यादा गांवों में जनसंपर्क किया है और पीले चावल बांटे गए है। वहीं, सुरक्षा के लिहाजा से पुलिस और प्रशासन पूरी तरह सतर्क हैं। महापंचायत से पहले भरतपुर के बयाना में सुरक्षा बढ़ा दी गई है।
बता दें कि गुर्जर आंदोलन की 17वीं बरसी पर गुर्जर आरक्षण संघर्ष समिति के अध्यक्ष विजय बैंसला ने महापंचायत की घोषणा की थी। 8 जून को पीलूपुरा में होने वाली महापंचायत में एमबीसी आरक्षण को नौवीं अनुसूची में शामिल करने, रोस्टर प्रणाली को सही करने, देवनारायण योजना का सही क्रियान्वयन करने, आरक्षण आंदोलन के मुकदमों को वापस लेने सहित कई महत्वपूर्ण मुद्दों चर्चा की जाएगी और गुर्जर समाज आगे की रणनीति पर चर्चा करेगा।
पीलूपुरा में होने वाली महापंचायत को लेकर तैयारियां जोरों पर चल रही है। आज महापंचायत की तैयारियों को लेकर चर्चा होगी। जिसमें गृह राज्यमंत्री जवाहर सिंह बेढम के पहुंचने की भी संभावना है। महापंचायत को लेकर गुर्जर आरक्षण संघर्ष समिति के अध्यक्ष विजय बैंसला के नेतृत्व में अब तक 300 से ज्यादा गांवों में पीले चावल बांटे जा चुके है। महापंचायत में प्रदेशभर से गुर्जर समाज के लोग शामिल होंगे। विजय बैंसला का कहना है कि अगर सरकार हमारी मांगों पर ध्यान नहीं देगी तो आंदोलन का रूख करना पड़ेगा।
गुर्जर महापंचायत के सफल आयोजन को लेकर शुक्रवार को गुर्जर समाज की बैठक अध्यक्ष आनंद प्रकाश पटेल के नेतृत्व में हुई। जिसमें समाज के लोगों ने गुर्जर समाज की ओर से 8 जून को पीलूपुरा में होने वाली गुर्जर महापंचायत को सफल बनाने के लिए क्षेत्र के गांव परमदरा, बरई, दिदावली सहित दर्जनों गांवों में घर-घर पहुंच कर लोगों से अधिक से अधिक संख्या में महापंचायत में पहुंचने की अपील की।
महापंचायत से पहले पुलिस और प्रशासन पूरी तरह अलर्ट है। भरतपुर एसपी मृदुल कच्छावा का कहना है कि हमने गुर्जर समाज के लोगों से बात की थी। प्रशासन की तरफ से वार्ता का न्योता सभी के लिए खुला है। महापंचायत के दौरान पर्याप्त पुलिस जाब्ता तैनात किया जाएगा।
1. सरकार की ओर से गुर्जर आंदोलन के दौरान किए गए समझौतों की पालना की जाए।
2. एमबीसी आरक्षण को संविधान की नवीं अनुसूची में शामिल करने की मांग।
3. सरकारी नौकरियों में 5 प्रतिशत आरक्षण का पूरा लाभ दिया जाए।
4. हर शहीद के परिजन को एक सरकारी नौकरी मिले।
5. आंदोलन के दौरान दर्ज किए गए केस वापस लिए जाए।
6. रीट भर्ती 2018 में शेष 3727 पदों पर नियुक्ति की जाए।
7. सरकारी भर्तियों में बैकलॉग और रोस्टर प्रणाली को लेकर हो रही गड़बड़ियां पर लगाम लगे।
8. देवनारायण योजना हो रही अनियमितताएं दूर की जाए और योजना का सही तरीके से क्रियान्वयन किया जाए।