राज्य में जून-2023 के दौरान कुल 156.9 मिलीमीटर (औसत से 185 प्रतिशत अधिक)वर्षा दर्ज की गई
भरतपुर. जून महीने में भरतपुर (Bharatpur) सहित प्रदेशभर (Rajasthan) में अच्छी बारिश दर्ज की गई है। औसत से करीब 185 मिलीमीटर (एमएम) बारिश अधिक हुई है। जो पिछले करीब 122 वर्षों में रेकॉर्ड वर्षा दर्ज हुई है।
जयपुर मौसम विज्ञान केन्द्र के प्रमुख राधेश्याम शर्मा के अनुसार राज्य में जून-2023 के दौरान कुल 156.9 मिलीमीटर (औसत से 185 प्रतिशत अधिक)वर्षा दर्ज की गई है। जो जून माह में वर्ष 1901 से आज तक दर्ज सर्वाधिक वर्षा का रेकॉर्ड है। इससे पूर्व वर्ष 1996 में जून माह में सर्वाधिक वर्ष 122.8 मिलीमीटर दर्ज हुई थी। जून माह के दौरान पूर्वी राजस्थान में इसके औसत से 118 प्रतिशत अधिक पश्चिमी राजस्थान में इसके औसत से 287 प्रतिशत अधिक वर्षा दर्ज की गई है।
अरब सागर से उठे अति भीषण चक्रवाती तूफान बिपरजॉय के शेष बचे अवशेष के कारण 16 से 20 जून के दौरान राज्य के दक्षिण भागों (जालौर, पाली, बाड़मेर, राजसमन्द, सिरोही व अजमेर जिलों) में भारी से अति भारी बारिश तथा कहीं-कहीं अत्यंत भारी बारिश दर्ज की गई। इस दौरान जालौर जिले में 400.5 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई। जो पूरे मानसून सत्र के एलपीए का 95.6 प्रतिशत थी। जिलावार जून माह के दौरान झालावाड़ को छोड$कर सभी जिलो में सामान्य या सामान्य से अधिक वर्षा दर्ज की गई। भरतपुर की बात करें तो यहां पर 73. 8 मिलीमीटर बारिश दर्ज की गई है, जो औसत से 14 मिलीमीटर अधिक है।
इस वर्ष राज्य में मानसून का प्रवेश औसत समय पर 25 जून को हुआ तथा तेजी से आगे बढ़ते हुए राज्य के पश्चिमी भागों में 2 जुलाई (औसत से 6 दिन पहले) को कवर कर लिया।
आगामी दिनों में एक और नया एक्टिव मानसून स्पेल
बंगाल की खाड़ी से आने वाली पूर्वी हवाओं के सक्रिय होने से पूर्वी राजस्थान के कोटा, उदयपुर, अजमेर और जयपुर, भरतपुर संभाग के कुछ भागों में 5 व 6 जुलाई से ही बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी होने की प्रबल संभावना है। 7 जुलाई से बारिश की गतिविधियों में और बढ़ोतरी होने तथा पूर्वी राजस्थान के अधिकांश भागों में हल्की से मध्यम बारिश जबकि कहीं-कहीं भारी बारिश होने की संभावना है। पश्चिमी राजस्थान के जोधपुर व बीकानेर संभाग के कुछ भागों में 6 व 7 जुलाई से बारिश की गतिविधियों में बढ़ोतरी होने तथा मानसून के पुन: सक्रिय होने की प्रबल संभावना है। इस दौरान कुछ भागों में हल्की से मध्यम बारिश व एक-दो स्थानों पर भारी बारिश होने की संभावना है।
सावन के पहले दिन भी सिर्फ बौछार...
सावन के प्रथम दिन मंगलवार को शहर के कुछ इलाकों में बौछार हुई। लेकिन उमसभरी गर्मी से राहत नहीं मिली। शहर में सुबह से ही धूप व उमस का दौर शुरू हो गया। दोपहर को करीब ढाई बजे आसमान में बादल छाए, लेकिन कुछ ही इलाकों में बूंदाबांदी हुई। हालांकि इसके बाद मौमस में कुछ हवा चलने से राहत महसूस की। शाम को अच्छा मौसम हो गया। मंगलवार को अधिकतम तापमान 38.5 व न्यूनतम तामपान 28.9 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया।