भिलाई

भिलाई स्टील प्लांट में आग! जान बचाने के लिए बिल्डिंग से कूदे कर्मचारी, वायरल हुआ वीडियो

Bhilai Steel Plant Fire: भिलाई जिले में भिलाई स्टील प्लांट के पावर प्लांट-2 में लगी भीषण आग ने पूरे संयंत्र में अफरा-तफरी मचा दी। आग लगने के बाद जान बचाने के लिए कर्मचारियों को बिल्डिंग से कूदना पड़ा।

2 min read
Apr 09, 2026
भिलाई स्टील प्लांट में आग! जान बचाने के लिए बिल्डिंग से कूदे कर्मचारी, वायरल हुआ वीडियो(photo-patrika)

Bhilai Steel Plant Fire: छत्तीसगढ़ के भिलाई जिले में भिलाई स्टील प्लांट के पावर प्लांट-2 में लगी भीषण आग ने पूरे संयंत्र में अफरा-तफरी मचा दी। आग लगने के बाद जान बचाने के लिए कर्मचारियों को बिल्डिंग से कूदना पड़ा। इस हादसे में कुल 7 कर्मचारी घायल हुए हैं, जिनमें एक संविदा कर्मचारी का पैर फ्रैक्चर हो गया है। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है, जिसमें कर्मचारी धुएं और आग के बीच जान बचाने की कोशिश करते नजर आ रहे हैं।

Bhilai Steel Plant Fire: पावर प्लांट-2 में अचानक लगी आग

जानकारी के अनुसार, घटना 7 अप्रैल की है जब पावर एंड ब्लोइंग स्टेशन-2 के STG-4 टर्बाइन में अचानक आग लग गई। टर्बाइन हॉल में तेजी से धुआं फैलने लगा और कुछ ही मिनटों में पूरा क्षेत्र धुएं से भर गया। आग की लपटें और धुएं के गुबार दूर से दिखाई दे रहे थे।

कर्मचारियों ने कूदकर बचाई जान

आग लगते ही प्लांट में मौजूद कर्मचारियों में हड़कंप मच गया। कई कर्मचारियों ने जान बचाने के लिए खिड़कियों से बाहर छलांग लगाई। कुछ कर्मचारी पाइप के सहारे नीचे उतरे, जबकि अन्य को साथियों की मदद से सुरक्षित बाहर निकाला गया। समय रहते 10 कर्मचारियों ने अपनी जान बचा ली।

फायर ब्रिगेड की टीम ने पाया काबू

घटना की सूचना मिलते ही संयंत्र की अग्निशमन टीम और फायर ब्रिगेड की 6 गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। त्वरित कार्रवाई करते हुए करीब 11:10 बजे तक आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया। इसके बाद क्षेत्र को सुरक्षित करने के लिए कूलिंग का काम भी किया गया।

घायलों का इलाज जारी

एहतियात के तौर पर 2 नियमित कर्मचारियों और 5 संविदा श्रमिकों को सेक्टर-9 अस्पताल भेजा गया, जहां उनका इलाज किया जा रहा है। सभी घायलों की हालत फिलहाल स्थिर बताई जा रही है।

घटना की जांच शुरू

फिलहाल आग लगने के कारणों का पता नहीं चल पाया है। प्रबंधन ने घटना की विस्तृत जांच के आदेश दे दिए हैं। प्रारंभिक तौर पर तकनीकी खामी या ओवरहीटिंग को कारण माना जा रहा है, हालांकि जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट होगी।

सुरक्षा व्यवस्था पर उठे सवाल

इस घटना के बाद प्लांट की सुरक्षा व्यवस्था और आपातकालीन प्रबंधन को लेकर सवाल खड़े होने लगे हैं। विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे संवेदनशील औद्योगिक क्षेत्रों में सुरक्षा मानकों का कड़ाई से पालन बेहद जरूरी है, ताकि भविष्य में इस तरह की घटनाओं से बचा जा सके।

Updated on:
09 Apr 2026 09:13 am
Published on:
09 Apr 2026 09:05 am
Also Read
View All