Patwari Arrested: छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले में एसीबी ने रिश्वतखोर पटवारी और कोटवार को रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपियों के खिलाफ धारा 7 पीसीएक्ट के के तहत कार्रवाई की गई।
Patwari Arrested: पाटन क्षेत्र में एंटी करप्शन ब्यूरो (एसीबी) की टीम ने छापेमारी की। पटवारी चिन्मय अग्रवाल और सहयोगी कोटवार भूषण लाल टेमरी को रंगेहाथ दबोच लिया। एसीबी ने 20 हजार रुपए के साथ दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया और आरोपियों के खिलाफ धारा 7 पीसीएक्ट के के तहत कार्रवाई की। दोनों को कोर्ट में पेश किया गया।
पाटन रानीतराई तहसीलदार प्रकाश चंद्र देवांगन ने रायपुर एसीबी में शिकायत की है कि उनकी माता के नाम से ग्राम सुरपा, तहसील पाटन में कृषि भूमि क्रय किया था। जमीन के प्रमाणीकरण कर ऋण पुस्तिका देने के लिए आरोपी पटवारी चिन्मय अग्रवाल ने 90 हजार रुपए मांगे।
रिश्वत नहीं देने पर काम के लिए टालमटोल कर रहा था। इसी से तंग आकर तहसीलदार ने एसीबी में शिकायत की। एसीबी कार्रवाई के लिए सहमति दी। तब तहसीलदार ने शिकायत सत्यापन के दौरान पटवारी से मोलभाव किया और 70 हजार रुपए में सहमति हुई। तहसीलदार ने 20 हजार रुपए की व्यवस्था की।
गौरतलब है कि पूरे छत्तीसगढ़ का पटवारी संघ 10 दिनों से हड़ताल पर है। संसाधन उपलब्ध कराने सरकार से मांग कर रहे हैं। इसमें लैपटॉप, प्रिंटर और मोबाइल रिचार्ज शामिल है।
Patwari Arrested: एसीबी के मुताबिक उसे 24 दिसंबर को ट्रैप करने की योजना बनाई। उसी आधार पर तहसीलदार 20 हजार रुपए लेकर सुरपा पटवारी चिन्मय अग्रवाल उन्हें स्थान बताया और कहा कि उसका सहयोगी टेमरी कोटवार भूषण लाल मिलेगा।
तहसीलदार ने पहली किस्त 20 हजार रुपए उसे दी। इधर एसीबी के अधिकारियों ने उसे रंगेहाथ दबोच लिया। इसके बाद पटवारी चिन्मय अग्रवाल को दबोच लिया। दोनों को गिरफ्तार कर कोर्ट में पेश किया।