भीलवाड़ा. टेक्सटाइल सिटी भीलवाड़ा की कोठारी नदी में डाले गए बायो मेडिकल वेस्ट को जलाकर सबूत नष्ट करने का प्रयास किया गया। इस प्रयास से जो दवा के पैकेट पैक थे वह भी अब खुल कर सामने आ गए।
भीलवाड़ा. टेक्सटाइल सिटी भीलवाड़ा की कोठारी नदी में डाले गए बायो मेडिकल वेस्ट को जलाकर सबूत नष्ट करने का प्रयास किया गया। इस प्रयास से जो दवा के पैकेट पैक थे वह भी अब खुल कर सामने आ गए। मौके पर अब भी दवा की शीशियां व अन्य सामग्री पड़ी है।
राजस्थान पत्रिका ने सोमवार के अंक में कोठारी नदी को बचाओ सरकार ! , दूषित पानी, कचरा, मलबा सब आकर मिल रहा शीर्षक से समाचार प्रकाशित किया था। इसके बाद हरकत में आए कुछ लोगों ने यहां पड़े बायो मेडिकल वेस्ट को जलाने का प्रयास किया। इसके सबूत आज भी मौके पर है। अध जले दवा के पैकेट पड़े है। नगर परिषद के अधिकारियों ने भी वेस्ट व कचरे पर ध्यान नहीं दिया। प्रदूषण को रोकने के लिए अधिकृत राजस्थान प्रदूषण नियंत्रण मंडल के अधिकारी भी चुप्पी साधे बैठे है। कोठारी नदी में कचरा, मलबा, दूषित पानी तथा केमिकल युक्त पानी तक डाला जा रहा है। मांडल क्षेत्र की कुछ औद्योगिक इकाइयों की ओर से दूषित पानी डाला जा रहा है। मामले को लेकर एनजीटी ने भी सख्त रूख अपना रखा है। इसके बाद भी अधिकारी ध्यान नहीं दे रहे।