– सजेगा 29वांप्रॉडक्ट कम कैटलॉग शो, शिक्षण संस्थाओं के साथ होंगे एमओयू वस्त्रनगरी अब परम्परागतकपड़ों से आगे बढ़कर ‘टेक्निकलटेक्सटाइल’ के क्षेत्र में बड़ी छलांग लगाने को तैयार है। इसी दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए शनिवार को इंडियन टेक्सटाइल एक्सेसरीज एंड मशीनरी मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन (इटम्मा) और मेवाड़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के संयुक्त […]
वस्त्रनगरी अब परम्परागतकपड़ों से आगे बढ़कर 'टेक्निकलटेक्सटाइल' के क्षेत्र में बड़ी छलांग लगाने को तैयार है। इसी दिशा में एक बड़ा कदम उठाते हुए शनिवार को इंडियन टेक्सटाइल एक्सेसरीज एंड मशीनरी मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन (इटम्मा) और मेवाड़ चैंबर ऑफ कॉमर्स एंड इंडस्ट्री के संयुक्त तत्वावधान में 29वां'प्रॉडक्ट कम कैटलॉग शो' आयोजित किया जा रहा है। गांधीनगर स्थित होटल रणबंका में दोपहर 2 बजे शुरू होने वाली एक दिवसीय प्रदर्शनी में देशभर से 60 से अधिक उत्पादक अपनी स्टॉल लगाएंगे और उत्पादों का कैटलॉग प्रदर्शित करेंगे। इस शो में 500 से अधिक उद्यमियों, इंजीनियरों और तकनीशियनों के शामिल होने की संभावना है, जो भीलवाड़ा के उद्योग को नई दिशा देंगे। मेवाड़ चैंबर के एमके जैन ने बताया कि आयोजन का मुख्य उद्देश्य भीलवाड़ा में टेक्निकल टेक्सटाइल का उत्पादन बढ़ाना है।
इटम्मा के निदेशक (टेक्नीकल) एमडी म्हात्रे ने बताया कि बीके मेहता टेक्नोलॉजी नेटवर्किंग मिशन के तहत एक स्पेशल सेशन होगा। इसमें शिक्षाविदों और इंडस्ट्री एक्सपर्ट्स को जोड़ा जाएगा। एलएलवी टेक्सटाइल कॉलेज, संगम यूनिवर्सिटी सहित देश के 10 से अधिक संस्थानों के स्टूडेंट्स अपने इनोवेशन और प्रोजेक्ट प्रस्तुत करेंगे। साथ ही, मेवाड़ चेंबर, संगम विवि, एमएलवी टेक्सटाइल कॉलेज और 'टीम'(थ्राइविंग इंजीनियर्स एलुमनी) के बीच एमओयू भी साइन होंगे। इटम्मा के अध्यक्ष ओमप्रकाश मंत्री ने बताया कि भारतीय वस्त्र मशीनरी उद्योग देश की अर्थव्यवस्था की रीढ़ है। प्रदर्शनी में डिजिटलीकरण और आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के उपयोग पर भी चर्चा होगी।