न्याय नहीं मिला तो पीडि़ता स्वयं अपने परिजनों के साथ कलक्ट्रेट के सामने धरने पर बैठ गई
रायला/भीलवाड़ा।
नाबालिग के साथ सामूहिक दुष्कर्म के मामले में न्याय पाने के लिए पुलिस के उच्च अधिकारियों से लेकर गृहमंत्री तक को शिकायत की। फिर भी न्याय नहीं मिला तो पीडि़ता स्वयं अपने परिजनों के साथ कलक्ट्रेट के सामने धरने पर बैठ गई। इससे भी न्याय नहीं मिला तो वह भूख हड़ताल करेगी। मामला रायला थाना क्षेत्र का है।
परिजनों ने बताया कि परिवार की नाबालिग लड़की रायला थाना सर्किल में दादी के पास रह रही थी।पास में ही रहने वाली आशा देवी पत्नी पुखराज वैष्णव ने चाय पीने घर बुलाया। जहां काला पीपल निवासी प्रधान गुर्जर भी था। वहां पीडि़ता को चाय पिलाई। उसे चक्कर आने लगे। करीब आधे घंटे बाद होश आया तो बदहवास हालत में मिली। प्रधान ने पीडि़ता से दुष्कर्म किया। इसकी शिकायत आशा से की तो आशा व प्रधान दोनों ने धमकाया। प्रधान से मोबाइल में दुष्कर्म की क्लिपिंग बताई और वायरल करने की धमकी दी। इसके बाद आए दिन पीडि़ता को आशा अपने घर बुलाती और प्रधान दुष्कर्म करता। आशा निगरानी करती। आशा के पति पुखराज ने भी उससे घर बुलाकर दुष्कर्म किया।
इससे वह गर्भवती हो गई। इसकी रिपोर्ट रायला थाने में दी। जांच अधिकारी डीएसपी गुलाबपुरा ने प्रधान गुर्जर को गिरफ्तार कर लिया, जबकि आशा व पति पुखराज को गिरफ्तार नहीं किया। पीडि़ता के परिजन ने डीएसपी पर मिलीभगत कर आरोपितों को बचाने का आरोप लगाया है। इस मामले को लेकर उन्होंने जिला पुलिस अधीक्षक, जिला कलेक्टर, पुलिस महानिरीक्षक, गृहमंत्री को भी शिकायत की लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई। परिजनों ने चेतावनी दी कि दोनों आरोपितों की गिरफ्तारी नहीं हुई तो वे आगे भूख हड़ताल करेंग