भीलवाड़ा

डेंगू का कहर, एक हजार से अधिक लोग पीडि़त

एमजीएच में वायरल व डेंगू के 61 मरीज भर्ती
2 min read
Sep 25, 2021
डेंगू का कहर, एक हजार से अधिक लोग पीडि़त
डेंगू का कहर, एक हजार से अधिक लोग पीडि़त

फैक्ट फाइल
1000 से अधिक लोग चपेट में
6000 से अधिक कार्ड टेस्ट में आए पॉजिटिव
2500 से अधिक रह रहा है मरीजों का आउटडोर
600 से अधिक लोग हो रहे हैं भर्ती
20 फीसदी पॉजिटिव हो रहे हैं औसतन रोज ही
20 हजार से अधिक घरों का हो चुका है सर्वे
2 हजार घरों में मिले डेंगू-मलेरिया मच्छरों के लार्वा
भीलवाड़ा।
पहले ही कोरोना की मार झेल रहे लोगों को इस समय डेंगू, मलेरिया और वायरल फीवर जैसी बीमारियों ने जकड़ लिया है। जिले में अब तक एक हजार से अधिक लोग इसकी चपेट में आ चुके हैं। जबकि कार्ड टेस्ट में इनकी संख्या 6 हजार से अधिक है। लेकिन चिकित्सा विभाग केवल एलाइजा टेस्ट रिपोर्ट को ही डेंगू मान रहा है। महात्मा गांधी अस्पताल में अब तक लगभग दो हजार से अधिक लोग इसकी जांच करवा चुके हैं। शहर के कई हिस्सों में इन बीमारियों की चपेट में आकर लोग अस्पताल में भर्ती हो रहे हैं। सरकारी व गैर सरकारी अस्पताल में इनकी संख्या बढ़ती जा रही है। शहर समेत जिले में डेंगू-मलेरिया लगातार अपने पैर पसार रहा है। अस्पतालों में मरीजों की संख्या प्रत्येक दिन बढ़ रही है।
भीलवाड़ा जिले में इस समय डेंगू ने अपने डंक से लोगों को परेशान किया हुआ है। एमजीएच में शुक्रवार को पांच लोग और भर्ती हुए, जबकि पहले से ही १२ मरीज भर्ती हैं। वायरल व डेंगू को मिलाकर कुल 61 जने अस्पताल में भर्ती हैं। जबकि अस्पताल में प्रतिदिन का आउटडोर 2500 से 2700 तक पहुंच रहा है। वहीं 600 से अधिक लोगों को प्रतिदिन भर्ती किया जा रहा है। रोजाना कोई न कोई डेंगू से संक्रमित पाया जा रहा है। इसके साथ ही वायरल फीवर के मरीज भी लगातार बढ़ रहे हैं।
भरते जा रहे हैं वार्ड
बढ़ते मरीजों के कारण जिला अस्पताल का पुरुष वार्ड व बच्चों के दोनों वार्ड भी भर गए हैं। जिसके कारण बरामदे में बेड डालकर मरीजों के इलाज की व्यवस्था की गई है। गुरुवार को जिला अस्पताल में 25 लोगों की एलाइजा जांच हुई है। जिसमें 5 लोग डेंगू संक्रमित पाए गए हैं। यह आंकड़ा लगभग 20 फीसदी बैठता है। वहीं 400 से 450 लोग वायरल से पीडि़त पाए गए हैं। मलेरिया भी कहर ढा रहा है। चिकित्सा विभाग का कहना है कि डेंगू, मलेरिया व फीवर के लिए अब तक 20 हजार से अधिक घरों का सर्वे किया जा चुका है। 2 हजार से अधिक घरों में लार्वा पाया गया है, जिन्हें नष्ट करवाया गया है। विभाग का मानना है कि अब डेंगू का प्रभाव थोड़ा कम हुआ है। हालांकि कुछ दिन पूर्व ही अजमेर से आए चिकित्सा विभाग के संयुक्त निदेशक ने चिकित्सा विभाग को मौसमी बीमारियों पर अंकुश न लगा पाने पर कड़ी लताड़ भी लगाई थी।

Updated on:
25 Sept 2021 08:31 am
Published on:
25 Sept 2021 08:31 am