भीलवाड़ा. राज्य सरकार ने नगर विकास न्यास की दो प्रमुख योजनाओं के लिए डीपीआर बनाने की स्वीकृति जारी कर दी।
भीलवाड़ा. राज्य सरकार ने नगर विकास न्यास की दो प्रमुख योजनाओं के लिए डीपीआर बनाने की स्वीकृति जारी कर दी। इनमें कोठारी रिवर फ्रंट के लिए 50 लाख तथा रामधाम चौराहे से सर्किट हाउस तक एलिवेटेड की डीपीआर के लिए 30 लाख की राशि की स्वीकृति जारी की।
संयुक्त शासन सचिव (प्रथम) संचिता बिश्नोई ने स्वीकृति पत्र न्यास को जारी किया। गौरतलब है कि राजस्थान पत्रिका कोठारी नदी पर रिवर फ्रंट बनाने को लेकर विशेष अभियान चलाकर लगातार खबरों का प्रकाशन कर रही है।
जानकारी के अनुसार 4 जनवरी को नगर विकास न्यास की बोर्ड बैठक में कोठारी नदी का सौंदर्यकरण करने तथा प्रदूषित जल व अतिक्रमण से मुक्ति के लिए रिवर फ्रंट बनाने की योजना बनाई थी। करीब 88 करोड़ की योजना की डीपीआर बनाने का प्रस्ताव सरकार को भेजा था। इसमें जोधडास चौराहे पर हाईलेवल ब्रिज से सांगानेर रोड़ हाईलेवल ब्रिज तक एवं आरजिया कोटा बाइपास तक कोठारी नदी के किनारे रिवर फ्रंट के सौन्दर्यकरण कार्य की डीपीआर के लिए 50 लाख रुपए स्वीकृत किए है। हालांकि यह स्वीकृति न्यास के स्वयं के खर्च पर बनाने की योजना को लेकर दी गई है। इसी प्रकार रामधाम चौराहे से सर्किट हाउस तक एलिवेटेड रोड का निर्माण करवाया जाना प्रस्तावित है। वर्तमान में चित्तौड़गढ़ रोड (प्रगति पथ) रामधाम चौराहे से सर्किट हाउस तक दिनभर में कई जाम से लोग परेशान होते है। मार्ग पर तीन अण्डरपास होने के कारण यातायात अवरूद्ध रहता है। सड़क दुर्घटना की आंशका रहती है। इस रोड़ पर लगभग दो किलोमीटर लम्बा एलिवेटेड रोड का निर्माण होगा। इस कार्य पर न्यास के 60 करोड़ रुपए व्यय होंगे। यह कार्य स्मार्ट सिटी योजना में कराया जाना प्रस्तावित है। कार्य की डीपीआर तैयार करने के लिए 30 लाख रुपए प्रशासनिक एवं वित्तीय स्वीकृति मांगी थी।