भीलवाड़ा

Weather Updates : भीलवाड़ा क्षेत्र की बारिश पर टिकी है बीसलपुर बांध की खुशियां

-भीलवाड़ा में फिर शुरू हुआ बारिश का दौर, इसलिए बीसलपुर बांध के छलकने की आएगी खुश खबर-इस साल भीलवाड़ा क्षेत्र में औसत से अधिक हो चुकी है बरसात-नदियों के तेज बहाव से पानी बढ़ेगा तो खुलेंगे बीसलपुर बांध के गेट
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Updated: 2 Aug 2022, 4:23 PM IST
Weather Updates : भीलवाड़ा क्षेत्र की बारिश पर टिकी है बीसलपुर बांध की खुशियां
Weather Updates : भीलवाड़ा क्षेत्र की बारिश पर टिकी है बीसलपुर बांध की खुशियां

भीलवाड़ा.
पिछले सालों की तुलना में इस बार भीलवाड़ा जिले में अच्छी बरसात हो रही है। कुछ दिनों के अंतराल के बाद बरसात का दौर फिर शुरू हो चुका है। पिछले दिनों की बरसात औसत के आंकड़े को भी पार कर चुकी है। भीलवाड़ा की औसत बरसात 630 मिलीमीटर है और इस साल अब तक 657 मिमी बरसात हो चुकी है। उपरमाल क्षेत्र के बांध व तालाब ओवरफ्लो हो चुके हैं। मौसम विभाग के पूर्वानुमान के अनुसार आगामी दिनों में भीलवाड़़ा क्षेत्र में और भारी बरसात हो सकती है।

जिले में बरसात का दौर शुरू हो चुका है। कहीं तेज बरसात तो कहीं पर हल्की बरसात हो रही है। भीलवाड़ा में अच्छी बरसात से ही बीसलपुर बांध की खुशियां छलकेगी। क्योंकि भीलवाड़ा क्षेत्र में अच्छी बरसात होने के साथ ही बनास, कोठारी, मेनाली व त्रिवेणी नदियों में पानी का बहाव बढ़ रहा है। सहायक नदियों के पानी से ही बनास नदी का परवान चढ़ रहा है और बनास का पानी बीसलपुर बांध को भर रहा है। पिछले दिनों की बरसात के बाद बीसलपुर बांध में पानी की भारी आवक हुई हैं। भीलवाड़ा क्षेत्र की नदियों में बहाव तेज होने से बीसलपुर बांध में पानी की आवक लगातार बनी हुई हैं।


बीसलपुर बांध में पानी की आवक जारी-
राजधानी जयपुर, अजमेर सहित अन्य शहरों में पेयजल आपूर्ति की लाइफलाइन बीसलपुर बांध में पानी की आवक लगातार बनी हुई हैं। टोंक जिले व डेम के क्षेत्र में बरसात का दौर जारी है। बीते 24 घंटे में बांध में 4 सेमी पानी की आवक हुई हैं। 2 अगस्त सुबह बांध का गेज 310.60 आरएल मीटर दर्ज किया गया। इसी प्रकार से त्रिवेणी नदी का गेज 3 मीटर दर्ज किया गया।

मांडलगढ़ और बिजौलियां पर खूब मेहरबानी-

भीलवाड़ा जिले में इस बार भी मानसून ने ऊपरमाल क्षेत्र मांडलगढ़ और बिजौलियां पर खूब मेहरबानी दिखाई है। यहीं वजह है कि यहां के बांध और तालाब तर हो गए। ऊपरमाल क्षेत्र में प्रमुख जलाशयों में से चार ओवरफ्लो होकर छलक रहे हैं। शेष भरने के कगार पर हैं, जबकि शाहपुरा, गंगापुर, रायपुर और आसींद क्षेत्र को बारिश का इंतजार है। जल संसाधन विभाग के मुताबिक अब तक बिजौलियां में 414 और मांडलगढ़ में 218 मिमी बरसात हो चुकी है। इस क्षेत्र में बांध भरने का प्रमुख कारण यहां के जलाशयों का लगभग एक-दूसरे से जुड़ाव है।

सबसे ज्यादा बारिश कोटा जिले में-
जुलाई महीने में मानसून की बारिश की अगर बात की जाए तो इस दौरान कोटा में सबसे ज्यादा 513.4 एमएम बारिश दर्ज की गई। जो औसत से 92 फीसदी ज्यादा रहीं पूर्वी राजस्थान के 16 जिलों में जुलाई महीने में 300 एमएम से ज्यादा बारिश दर्ज की गई। श्रीगंगानगर में औसत से 235 फीसदी से ज्यादा बारिश दर्ज की गई हालांकि इतनी बारिश के बाद भी सवाई माधोपुर और भरतपुर में औसत से कम बारिश दर्ज की गई है।

भीलवाड़ा इस बार अव्वल, औसत से भी हम आगे-

बारिश के मामले में इस बार भीलवाड़ा अव्वल रहा है। भीलवाड़ा में अब तक 657 मिमी बरसात हो चुकी है। जिले का बरसात का औसत 630 मिलीमीटर है। औसत के आंकड़ों से आगे भीलवाड़ा में बारिश रही है। सबसे कम फूलियाकलां में 164 मिमी बरसात हुई, जो 8.3 प्रतिशत ही है।

मांडलगढ़-बिजौलियां में प्रमुख बांध तरबतर

- गोवटा

- डामटी कोकरा

- जूट का नाका- पचानपुरा

- देवरी नला- देवलिया

- जेतपुरा

- कोठारी

- मंडोल

Bhilwara- जिले में अब तक बारिश -

तहसील -बारिश

आसींद -299

बदनोर -268

बनेड़ा -462

भीलवाड़ा -657

हमीरगढ़ -279

हुरड़ा- 287

जहाजपुर- 471

कोटड़ी -485

मांडल -290

करेड़ा -404

मांडलगढ़ -218

रायपुर -372

सहाड़ा -323

शाहपुरा- 239

फूलियाकलां -164

बिजौलियां -414

(बारिश मिमी में)......

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