5 नवंबर 2026,

गुरुवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

भीलवाड़ा में 50 हजार की रिश्वत लेता शिक्षा विभाग का दलाल गिरफ्तार, पेट्रोल पंप पर एसीबी ने दबोचा

Bhilwara ACB Action: दीपावली से पहले भीलवाड़ा में एसीबी ने भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते शिक्षा विभाग से जुड़े एक दलाल को रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी ने परिवादी को अपनी गाड़ी में बैठाकर रकम ली।
2 min read
Follow Patrika on Google News
Google source verification

भीलवाड़ा

•

image

Kamal Mishra

•

Updated: 5 Nov 2026, 5:50 PM IST

Bhilwara ACB

Bhilwara: एसीबी की गिरफ्त में आरोपी (फोटो-पत्रिका)

भीलवाड़ा। राजस्थान में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई करते हुए एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने भीलवाड़ा में समग्र शिक्षा के एक कनिष्ठ अभियंता के दलाल को 50 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया है। आरोपी ने परिवादी की फर्म के 8.82 लाख रुपए के बिल को पास करवाने की एवज में यह रकम ली थी। एसीबी ने आरोपी को रेलवे फाटक के पास गर्ग पेट्रोल पंप पर अपनी स्विफ्ट कार में रिश्वत की राशि लेते पकड़ा। कार्रवाई के दौरान टीम ने 50 हजार रुपए बरामद किए, जिनमें 10 हजार रुपए असली और 40 हजार रुपए डमी करेंसी थी।

एसीबी महानिदेशक गोविन्द गुप्ता के अनुसार, भीलवाड़ा-प्रथम चौकी को परिवादी ने शिकायत दी थी कि उसकी फर्म ने रायपुर पंचायत ब्लॉक में सिविल कार्य करवाए थे। इन कार्यों का 8,82,647 रुपए का पहला रनिंग बिल पास करने की एवज में कार्यालय अतिरिक्त जिला परियोजना समन्वयक, समग्र शिक्षा में पदस्थापित कनिष्ठ अभियंता अनिल भट्ट 50 हजार रुपए रिश्वत मांग रहे हैं। इसके अलावा 10 हजार रुपए टेस्टिंग के नाम पर अलग से मांगे जा रहे थे।

सत्यापन के बाद एसीबी ने बिछाया जाल

शिकायत मिलने के बाद एसीबी ने रिश्वत मांग का सत्यापन करवाया। सत्यापन में कनिष्ठ अभियंता अनिल भट्ट की ओर से 50 हजार रुपए की रिश्वत अपने दलाल श्रेणीक चौधरी को देने के लिए कहने की पुष्टि हुई। इसके बाद अजमेर रेंज के डीआईजी नारायण टोगस के सुपरविजन में एसीबी उप अधीक्षक पारसमल के नेतृत्व में ट्रैप की योजना बनाई गई।

गुरुवार को परिवादी को रिश्वत की रकम देने के लिए भीलवाड़ा में रेलवे फाटक के पास गर्ग पेट्रोल पंप पर बुलाया गया। यहां श्रेणीक चौधरी अपनी स्विफ्ट कार में बैठा था। उसने परिवादी से 50 हजार रुपए लिए, तभी पहले से तैनात एसीबी टीम ने उसे रंगे हाथों पकड़ लिया। टीम ने मौके से पूरी रकम बरामद कर ली।

जेई की भूमिका की भी जांच

एसीबी के अनुसार, गिरफ्तार आरोपी से पूछताछ की जा रही है। मामले में कनिष्ठ अभियंता अनिल भट्ट की भूमिका को लेकर भी जांच जारी है। एसीबी की एडीजी स्मिता श्रीवास्तव और आईजी एस. परिमला के सुपरविजन में अग्रिम कार्रवाई की जा रही है। मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान किया जाएगा।

यह वीडियो भी देखें :

बड़ी खबरें

View All

भीलवाड़ा

राजस्थान न्यूज़